ईरान के दक्षिणी शहर बंदर अब्बास और उसके आस-पास के तटीय इलाकों में कई धमाकों की खबरें सामने आई हैं। इन धमाकों की वजह से शुरुआत में लोगों के बीच काफी डर फैल गया था, लेकिन ईरानी अधिकारियों ने अब स्थिति को स्थिर बताया है। सरकारी एजेंसियों ने साफ किया है कि यह कोई सैन्य हमला नहीं था बल्कि अलग-अलग हादसे थे।
जानकारी के मुताबिक, मोअल्लिम बुलेवार्ड पर एक आठ मंजिला रिहायशी इमारत में गैस लीक होने की वजह से जोरदार धमाका हुआ। इस हादसे में एक 4 साल की बच्ची की मौत हो गई और 14 अन्य लोग घायल हो गए। धमाका इतना शक्तिशाली था कि इमारत की दो मंजिलें पूरी तरह तबाह हो गईं।
इसी तरह एक और घटना अहवाज़ में इराक बॉर्डर के पास हुई, जहाँ गैस लीक से हुए विस्फोट में 5 लोगों की जान चली गई। इसके अलावा, रजाई पोर्ट पर एक भीषण धमाका और आग लगने की खबर है। यह पोर्ट हर साल 8 करोड़ टन माल संभालता है। इस हादसे में 281 लोग घायल हुए और एक इमारत गिर गई।
ईरान की सरकारी टेलीविजन ने पुष्टि की है कि इस घटना में किसी भी एनर्जी इंफ्रास्ट्रक्चर को नुकसान नहीं पहुँचा है। इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) ने उन खबरों को गलत बताया है जिनमें नौसेना केंद्रों या कमांडरों पर हमले की बात कही गई थी। तस्नीम और फार्स न्यूज एजेंसी ने बताया कि सिरिक और जास्क के पास जो आवाजें सुनाई दी थीं, वे समुद्र की तरफ से आई थीं और इलाके में कोई मिसाइल या प्रोजेक्टाइल नहीं गिरा था।
