पश्चिम एशिया में अमेरिका की ताकत अब कम हो रही है और ईरान का मानना है कि यह उसके यहाँ से बाहर निकलने का सही समय है। हाल ही में समुद्र में हुए हमलों और सैन्य टकराव ने इस बात को और हवा दी है। जहाँ एक तरफ बातचीत की कोशिशें जारी हैं, वहीं दूसरी तरफ दोनों देशों की सेनाएं आमने-सामने हैं।
ईरान और अमेरिका के बीच सैन्य टकराव की क्या स्थिति है
ईरानी विदेश मंत्रालय ने 10 मई 2026 को अमेरिकी सेना द्वारा दो ईरानी तेल टैंकरों और तटीय इलाकों पर किए गए हमलों की कड़ी निंदा की। जवाब में ईरान की Revolutionary Guards ने धमकी दी है कि अगर उनके जहाजों पर हमला हुआ, तो वे अमेरिका के क्षेत्रीय केंद्रों और जहाजों को निशाना बनाएंगे। 9 मई को अमेरिका ने ईरानी हमलों को रोकने का दावा किया, जबकि ईरान ने कहा कि अमेरिकी जहाजों को भारी नुकसान पहुँचा है। 8 मई की सैटेलाइट तस्वीरों में अमेरिका के 228 सैन्य ढांचों के क्षतिग्रस्त होने की खबर है। इसके अलावा, 10 मई को कतर के तट के पास एक जहाज पर अज्ञात मिसाइल गिरने की भी खबर आई है।
क्या शांति के लिए कोई नया समझौता होने वाला है
वाशिंगटन और तेहरान के बीच एक शुरुआती समझौते पर बात चल रही है। इसमें 14 पॉइंट का एक मेमोरेंडम ऑफ अंडरस्टैंडिंग (MoU) शामिल हो सकता है। इस डील के तहत ईरान अपने परमाणु कार्यक्रम की रफ्तार धीमी करेगा, जिसके बदले अमेरिका प्रतिबंध हटाएगा और ईरान की जमी हुई संपत्ति वापस करेगा। अमेरिका ने मई 2026 की शुरुआत में Project Freedom नाम का नेवल मिशन भी रोक दिया है। CIA की एक रिपोर्ट के मुताबिक, ईरान अमेरिकी नेवल नाकाबंदी को करीब चार महीने तक झेल सकता है।
ईरानी अधिकारियों का अमेरिका को लेकर क्या कहना है
ईरान के सैन्य प्रवक्ता ब्रिगेडियर जनरल Abolfazl Shekarchi ने कहा कि अमेरिका अब दुनिया की सबसे बड़ी ताकत नहीं रहा और उसे इस क्षेत्र से निकाल देना चाहिए। उनका कहना है कि ईरानी सेना ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अमेरिका के प्रभाव को खत्म कर दिया है। वहीं, विशेषज्ञों का मानना है कि अफगानिस्तान से अमेरिकी सेना की वापसी ने दुनिया को यह बता दिया कि अमेरिका की पकड़ अब पहले जैसी नहीं रही।
Frequently Asked Questions (FAQs)
ईरान और अमेरिका के बीच क्या डील हो सकती है
बातचीत 14 पॉइंट के समझौते पर चल रही है, जिसमें परमाणु कार्यक्रम रोकने के बदले प्रतिबंध हटाने और जमी हुई संपत्ति वापस करने की बात शामिल है।
हालिया हमलों में क्या नुकसान हुआ है
सैटेलाइट तस्वीरों के अनुसार अमेरिका के 228 सैन्य ढांचे क्षतिग्रस्त हुए हैं और ईरान के दो तेल टैंकरों पर हमला हुआ है।
