ईरान ने फिर बंद किया Strait of Hormuz, 13 ऑयल टैंकर वापस लौटे, भारत ने जताया कड़ा विरोध

ईरान और अमेरिका के बीच बढ़ती तनातनी का असर अब समुद्र पर दिखने लगा है। 18 अप्रैल को कम से कम 13 ऑयल टैंकरों को रास्ता बदलकर वापस लौटना पड़ा। ईरान ने Strait of Hormuz को दोबारा बंद कर दिया है और इसे पूरी तरह सैन्य नियंत्रण में ले लिया है।

📰: Iran-US Talks: अमेरिका और ईरान के बीच फिर होगी बातचीत, ट्रम्प भेज रहे हैं प्रतिनिधि पाकिस्तान, नहीं मानी बात तो होगा बड़ा हमला

ईरान ने रास्ता बंद क्यों किया और अब क्या नियम हैं?

ईरान का कहना है कि अमेरिका ने उनके बंदरगाहों की नाकाबंदी की है, जो कि गलत है। ईरान के रिवोल्यूशनरी गार्ड ने चेतावनी दी कि जब तक अमेरिकी नाकाबंदी नहीं हटती, तब तक यह रास्ता बंद रहेगा। अब इस रास्ते से गुजरने के लिए ईरान की अनुमति और उनके द्वारा बताए गए रूट का पालन करना जरूरी होगा। जो भी जहाज बिना अनुमति के आने की कोशिश करेगा, उसे दुश्मन का मददगार माना जाएगा और उस पर हमला किया जा सकता है।

भारत और अन्य देशों पर इसका क्या असर हुआ?

इस घटना से भारत पर भी बड़ा असर पड़ा है। दो भारतीय जहाजों को ईरान के रिवोल्यूशनरी गार्ड्स ने फायरिंग करके वापस लौटने पर मजबूर किया। इस बात को लेकर भारत सरकार ने ईरान के राजदूत को बुलाया और कड़ा विरोध जताया। वहीं UK Maritime Trade Operations Centre ने भी बताया कि एक टैंकर पर ईरानी नावों की ओर से फायरिंग की गई। अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने साफ कर दिया है कि ईरानी बंदरगाहों की नाकाबंदी पूरी तरह जारी रहेगी।

घटनाक्रम की पूरी जानकारी

तारीख मुख्य घटना
13 अप्रैल 2026 अमेरिका ने ईरानी बंदरगाहों की नाकाबंदी शुरू की
17 अप्रैल 2026 ईरान ने Strait of Hormuz को खुला बताया
18 अप्रैल 2026 ईरान ने रास्ता दोबारा बंद किया और सैन्य नियंत्रण लिया
18 अप्रैल 2026 13 ऑयल टैंकरों को रास्ता बदलकर वापस लौटना पड़ा
18 अप्रैल 2026 भारतीय जहाजों पर फायरिंग हुई और उन्हें वापस भेजा गया
19 अप्रैल 2026 अल जजीरा और अन्य मीडिया ने खबर जारी की
19 अप्रैल 2026 भारत ने ईरान के राजदूत को बुलाकर विरोध जताया