ईरान और अमेरिका के बीच बढ़ते तनाव के बीच एक बड़ी खबर आई है। ईरान ने कतर के एक प्रतिनिधिमंडल की मशहद यात्रा को मंजूरी दी है ताकि दोनों देशों के बीच शांति बनाई जा सके। हालांकि, ईरान ने इस बात से साफ इनकार किया है कि उसने अमेरिका से बातचीत की कोई मांग की थी।

इस बैठक में ईरान के विदेश मंत्री Seyed Abbas Araghchi भी मौजूद रहे। इस यात्रा का मुख्य मकसद वॉशिंगटन और तेहरान के बीच बढ़ते झगड़ों को कम करना और भविष्य में बड़ी बातचीत के लिए रास्ता बनाना था।

हॉर्मुज जलडमरूमध्य को लेकर विवाद

यह मुलाकात ऐसे समय में हुई जब दोनों देशों के बीच दुश्मनी बढ़ी हुई थी। कतर ने हॉर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) में हुई एक घटना को लेकर ईरान पर आरोप लगाए थे। ईरान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ने इन आरोपों को गलत बताया और कहा कि यह अच्छे पड़ोसी होने के सिद्धांतों के खिलाफ और पूरी तरह अस्वीकार्य है।

डोनाल्ड ट्रंप का दावा

दूसरी ओर, अमेरिका के राष्ट्रपति Donald Trump ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म Truth Social पर एक अलग बात कही। ट्रंप ने दावा किया कि ईरान ने उनसे बातचीत जारी रखने को कहा है और उन्होंने इसके लिए सहमति दे दी है। साथ ही ट्रंप ने यह भी साफ कर दिया कि अब सीजफायर (Cease Fire) खत्म हो गया है।

खबरों के मुताबिक, कतर के प्रतिनिधिमंडल के साथ हुई बातचीत में अमेरिका और ईरान के बीच हुए समझौते (MOU) को लागू करने और हॉर्मुज जलडमरूमध्य में जहाजों के आने-जाने से जुड़े विवादों को सुलझाने पर चर्चा हुई। ईरान की negotiating टीम से जुड़े एक सूत्र ने मीडिया में चल रही अमेरिका के साथ सीधी बातचीत की खबरों को गलत बताया। वहीं, अमेरिका के एक बड़े अधिकारी ने कहा कि उनकी सरकार इस मामले को सुलझाने के लिए तैयार है और तकनीकी स्तर पर चर्चा जारी है।

Praggya Singh sabal

Journalist from Noida. Covering Delhi, NCR and National Updates.