ईरान और अमेरिका के बीच चल रहे युद्ध के 37वें दिन एक बड़ी घटना सामने आई है. 5 अप्रैल 2026 को ईरान की पुलिस स्पेशल फोर्सेज ने दक्षिणी इस्फहान में अमेरिका के एक C-130 सपोर्ट एयरक्राफ्ट को नष्ट करने का दावा किया है. जानकारी के मुताबिक यह कार्रवाई पुलिस की एक खास टुकड़ी ने भारी गोलाबारी के जरिए अंजाम दी. यह विमान उस समय क्षेत्र में सक्रिय था जब ईरान और अमेरिका के बीच तनाव काफी बढ़ा हुआ है.

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ईरान की कार्रवाई और आधिकारिक बयान की जानकारी

ईरान की सरकारी न्यूज़ एजेंसी IRNA और तसनीम न्यूज़ एजेंसी ने बताया कि उनके पुलिस सूचना केंद्र (Faraja) ने इस विमान के नष्ट होने की पुष्टि की है. ईरान के रिवोल्यूशनरी गार्ड्स यानी IRGC ने भी इस हमले की जिम्मेदारी ली है. मुंबई में ईरान के महावाणिज्य दूतावास ने सोशल मीडिया पर बताया कि पुलिस कमांडो की भारी फायरिंग से विमान पूरी तरह तबाह हो गया. ईरानी अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि उनकी सीमा में किसी भी तरह की दखलंदाजी बर्दाश्त नहीं की जाएगी.

घटना से जुड़े मुख्य तथ्य और मौजूदा हालात

यह अमेरिकी विमान असल में 3 अप्रैल को गिराए गए एक अमेरिकी F-15E फाइटर जेट के क्रू मेंबर्स की तलाश के लिए भेजा गया था. हालांकि अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने सोशल मीडिया पर कहा है कि उनका दूसरा क्रू मेंबर सुरक्षित और ठीक है. इस घटनाक्रम से जुड़ी कुछ अन्य महत्वपूर्ण बातें नीचे दी गई हैं:

  • ईरान के जनरल अली अब्दुल्लाही अलीआबादी ने राष्ट्रपति ट्रंप के 48 घंटे के अल्टीमेटम को सिरे से खारिज कर दिया है.
  • दक्षिणी इस्फहान में पुलिस कमांडो द्वारा एक संदिग्ध रिफ्यूलिंग विमान को भी मार गिराने की खबरें मिली हैं.
  • सोशल मीडिया पर कुछ रिपोर्ट्स में दावा किया गया कि अमेरिकी सेना ने खुद अपना विमान नष्ट किया ताकि वह ईरान के हाथ न लगे, लेकिन इसकी कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है.
  • यह पूरी घटना ईरान, अमेरिका और इसराइल के बीच चल रहे टकराव के दौरान हुई है.