UAE में तनाव काफी बढ़ गया है। सोमवार 4 मई 2026 को ईरान ने मिसाइल और ड्रोन से हमला किया, जिससे फुजैरा के ऑयल इंडस्ट्रियल ज़ोन में आग लग गई। इस हमले में तीन भारतीय नागरिक घायल हुए हैं और पूरी दुनिया अब इस गंभीर मामले पर नजर रखे हुए है।
हमला कहाँ हुआ और कितना नुकसान हुआ?
ईरान की तरफ से किए गए इस हमले का मुख्य निशाना फुजैरा ऑयल इंडस्ट्रियल ज़ोन था, जो ऊर्जा का एक बड़ा केंद्र है। इस हमले के बाद वहां एक तेल सुविधा में आग लग गई। इस घटना में सबसे दुखद बात यह रही कि तीन भारतीय नागरिक मध्यम रूप से घायल हुए हैं। इसके अलावा, Strait of Hormuz के आसपास मौजूद जहाजों और एक ADNOC ऑयल टैंकर को भी निशाना बनाया गया है।
UAE और दुनिया के बड़े देशों का क्या कहना है?
- UAE सरकार: विदेश मंत्रालय ने इसे संप्रभुता का उल्लंघन और एक “आतंकी हमला” बताया है। UAE ने साफ कहा है कि यह अंतरराष्ट्रीय कानून के खिलाफ है और वह इसका जवाब देने का पूरा अधिकार रखता है।
- संयुक्त राष्ट्र (UN): UN के प्रवक्ता Stéphane Dujarric ने मंगलवार 5 मई को गहरी चिंता जताई। उन्होंने सभी देशों से संयम बरतने और विवादों को शांति से सुलझाने की अपील की है।
- अन्य देश: भारत, जर्मनी, कनाडा, जॉर्डन और यूरोपीय संघ (EU) ने इस हमले की कड़ी निंदा की है और UAE के साथ अपनी एकजुटता दिखाई है।
- ईरान का पक्ष: ईरान के विदेश मंत्री Abbas Araghchi ने अमेरिका और UAE को चेतावनी दी है, जबकि उनके सैन्य अधिकारियों ने हमले से इनकार किया है।
अब आगे क्या होने वाला है?
इस घटना के बाद अब मामला UN Security Council तक पहुँच गया है। बहरीन की मांग पर 6 मई 2026 को एक बंद बैठक बुलाई गई है, जिसमें Under-Secretary-General Rosemary DiCarlo जानकारी देंगी। वहीं, अमेरिका ने एक नया प्रस्ताव पेश किया है ताकि ईरान को जहाजों पर हमला करने और समुद्र में माइन बिछाने से रोका जा सके। अमेरिका ने 4 मई से ही ‘Project Freedom’ शुरू कर दिया है ताकि कमर्शियल जहाजों को सुरक्षित रास्ता दिया जा सके।
Frequently Asked Questions (FAQs)
UAE हमले में कौन लोग घायल हुए हैं?
इस हमले में कम से कम तीन भारतीय नागरिक घायल हुए हैं, जिन्हें मध्यम चोटें आई हैं।
UN Security Council की बैठक कब और क्यों बुलाई गई है?
बहरीन की मांग पर 6 मई 2026 को बैठक बुलाई गई है ताकि ईरान के हमलों और अंतरराष्ट्रीय शांति को मिलने वाले खतरों पर चर्चा की जा सके।