ईरान के विदेश मंत्री Abbas Araghchi क्षेत्रीय तनाव को कम करने के लिए एक बड़े कूटनीतिक मिशन पर निकले हैं। उन्होंने अपनी यात्रा की शुरुआत Pakistan से की, जिसके बाद वह Oman गए और अब वह Russia पहुंच चुके हैं। इस पूरे दौरे का मुख्य उद्देश्य आपसी सहयोग बढ़ाना और युद्ध जैसे हालातों को संभालना है।
पाकिस्तान और ओमान दौरे की मुख्य बातें क्या रहीं?
अराघची ने 25 अप्रैल 2026 को इस्लामाबाद पहुंचकर अपनी यात्रा शुरू की। वहां उन्होंने प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ और सेना प्रमुख आसिम मुनीर के साथ अहम बैठकें कीं क्योंकि Pakistan मध्यस्थता के प्रयासों में शामिल है। इसके बाद वह 26 और 27 अप्रैल को ओमान पहुंचे, जहां उन्होंने सुल्तान हैथम बिन तारिक अल-सैद और विदेश मंत्री सैय्यद बदर बिन हमद अल बुसैदी से मुलाकात की।
- Strait of Hormuz: ईरान और ओमान दोनों तटीय देश हैं, इसलिए उन्होंने समुद्री रास्तों की सुरक्षा और सुरक्षित आवागमन पर बात की।
- क्षेत्रीय सहयोग: ओमान के विदेश मंत्री के साथ मिलकर क्षेत्रीय कूटनीति को मजबूत करने पर चर्चा की गई।
रूस यात्रा और अमेरिका को लेकर क्या बयान दिया गया?
अराघची 27 अप्रैल 2026 को रूस पहुंचे, जहां उनकी मुलाकात राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन से होनी है। उन्होंने बताया कि यह यात्रा इज़रायल और अमेरिका के साथ युद्ध के बाद मॉस्को के साथ तालमेल बिठाने का एक मौका है। इस बैठक में मध्य पूर्व की स्थिति और संघर्ष विराम पर चर्चा होने की उम्मीद है।
- अमेरिका की मांगें: मंत्री ने कहा कि बातचीत में कुछ प्रगति हुई थी, लेकिन United States की अत्यधिक मांगों की वजह से उद्देश्य पूरे नहीं हो सके।
- सीधी बातचीत: ईरान ने साफ कर दिया है कि फिलहाल उसकी अमेरिका के साथ सीधी बातचीत करने की कोई योजना नहीं है।