ईरान के विदेश मंत्रालय ने दुनिया के सामने अपनी बात रखी है। मंत्रालय के प्रवक्ता ने साफ शब्दों में कहा कि ईरान किसी पर दादागिरी नहीं करता बल्कि दादागिरी करने वालों का मुकाबला करता है। यह बयान ऐसे समय में आया है जब अमेरिका और इसराइल के साथ तनाव बना हुआ है और राजनयिक कोशिशें जारी हैं।
ईरान ने अमेरिका के प्रस्ताव पर क्या जवाब दिया?
IRNA न्यूज़ एजेंसी के मुताबिक, ईरान ने अमेरिका के ताजा प्रस्ताव पर अपनी प्रतिक्रिया पाकिस्तानी मध्यस्थों के जरिए भेज दी है। यह खबर 10 मई 2026 को आई थी। ईरान का कहना है कि वह अपने देश के खिलाफ चल रहे आक्रमण को खत्म करना चाहता है। इससे पहले विदेश मंत्रालय ने कहा था कि अमेरिकी प्रस्तावों पर आंतरिक समीक्षा के बाद ही अपनी राय दी जाएगी।
पाकिस्तान की भूमिका और युद्ध विराम का क्या हाल है?
तेहरान और वॉशिंगटन के बीच पाकिस्तान की मदद से 8 अप्रैल को युद्ध विराम हुआ था। इस युद्ध विराम से पहले अमेरिका और इसराइल ने करीब 40 दिनों तक ईरान पर संयुक्त हमले किए थे। हालांकि, इस्लामाबाद में हुई बातचीत से अब तक कोई बड़ा नतीजा नहीं निकला है। 11 मई 2026 को विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ने जो बयान दिया, वह इसी तनावपूर्ण माहौल और कूटनीतिक प्रयासों के बीच आया है।
Frequently Asked Questions (FAQs)
ईरान ने अमेरिका के प्रस्ताव का जवाब कैसे पहुँचाया?
ईरान ने 10 मई 2026 को पाकिस्तानी मध्यस्थों के जरिए अमेरिका के ताजा प्रस्ताव पर अपना औपचारिक जवाब भेजा है।
ईरान और अमेरिका के बीच युद्ध विराम कब हुआ था?
पाकिस्तान की मध्यस्थता में 8 अप्रैल को युद्ध विराम हुआ था, जिसने अमेरिका और इसराइल के 40 दिनों के हमलों को रोका था।
