मिडिल ईस्ट में बढ़ते तनाव के बीच ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची ने फ्रांस के विदेश मंत्री ज्यां-नोएल बैरो से फोन पर बातचीत की है। सोमवार, 1 जून 2026 को हुई इस बातचीत में मुख्य रूप से लेबनान के ताजा हालात और वहां जारी इसराइली हमलों पर चर्चा की गई। युद्धविराम लागू होने के बावजूद लेबनान में लगातार हो रहे हमलों को लेकर दोनों नेताओं ने चिंता जताई है।

ईरान और फ्रांस के विदेश मंत्रियों के बीच क्या बातचीत हुई?

ईरान की सरकारी समाचार एजेंसी IRNA के अनुसार, ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची और फ्रांस के यूरोप और विदेश मामलों के मंत्री ज्यां-नोएल बैरो ने फोन पर क्षेत्रीय विकास और लेबनान के हालातों पर चर्चा की। इस बातचीत में मुख्य रूप से लेबनान पर हो रहे इसराइली सैन्य हमलों और इन हमलों से पैदा होने वाले गंभीर परिणामों पर ध्यान केंद्रित किया गया। दोनों देशों के मंत्रियों ने क्षेत्र में शांति स्थापित करने की दिशा में चर्चा की।

लेबनान में युद्धविराम के बाद भी बढ़ा तनाव

दोनों नेताओं के बीच यह बातचीत ऐसे समय में हुई है जब लेबनान में युद्धविराम की घोषणा के बावजूद तनाव लगातार बना हुआ है। इसराइल की तरफ से लगातार सैन्य हमले किए जा रहे हैं, जिससे स्थिति नाजुक बनी हुई है। ईरान और फ्रांस के नेताओं ने इस बात पर चर्चा की कि इन सैन्य कार्रवाइयों के क्या परिणाम हो सकते हैं और किस प्रकार शांति बहाल की जा सकती है।

Frequently Asked Questions (FAQs)

ईरान और फ्रांस के विदेश मंत्रियों के बीच यह बातचीत कब हुई?

यह फोन कॉल सोमवार, 1 जून 2026 को हुई थी, जिसकी रिपोर्ट ईरान की आधिकारिक न्यूज एजेंसी IRNA ने उसी दिन शाम को जारी की थी।

बातचीत का मुख्य मुद्दा क्या था?

बातचीत का मुख्य विषय लेबनान के ताजा हालात, युद्धविराम के बावजूद जारी इसराइली सैन्य हमले और मिडिल ईस्ट में बढ़ता क्षेत्रीय तनाव था।

Aanya

Aanya is Ex IndiaTV Journalist. She covers Expats oriented news, views and interviews With deep understanding of what Hindi Speaking people needs as updates in daily life to avoid fines, comply rules and stay updated.