ईरान ने दावा किया है कि उसने अपने जमा किए हुए 6 अरब डॉलर के फंड से कुछ ज़रूरी सामान खरीदने का समझौता किया है. लेकिन कतर और अमेरिका ने इस बात को साफ तौर पर नकारा है. इस मुद्दे पर अब ईरान और कतर के बयानों में बड़ा अंतर देखने को मिल रहा है.

क्या है पूरा मामला

ईरान के राष्ट्रपति Masoud Pezeshkian ने 29 जून 2026 को कहा था कि कतर उनके 6 अरब डॉलर के फंड को रिलीज़ कर रहा है. उन्होंने इसे अपनी जनता की बड़ी जीत बताया. लेकिन कतर के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता Majed Al Ansari ने कहा कि अभी तक कोई पैसा ईरान को नहीं भेजा गया है. अमेरिका ने भी इस बात की पुष्टि की है कि फंड अभी ट्रांसफर नहीं हुआ है.

किस चीज़ के लिए मिलेगा पैसा

यह पैसा केवल मानवीय ज़रूरतों के लिए तय किया गया है. इसका इस्तेमाल इन चीज़ों के लिए किया जाएगा:

  • खाने-पीने का सामान (Food)
  • दवाइयां (Medicine)
  • अन्य ज़रूरी मानवीय सामान
  • अमेरिका से गैर-प्रतिबंधित उत्पाद

पैसा कहाँ से आया और क्यों रुका

यह 6 अरब डॉलर ईरान की तेल कमाई का हिस्सा था जो पहले South Korea के बैंकों में जमा था. 2023 में एक कैदी अदला-बदली समझौते के तहत इसे Qatar भेजा गया था. लेकिन 7 अक्टूबर 2023 के हमलों के बाद इस फंड को फिर से फ्रीज कर दिया गया.

शर्तें और नियम

अमेरिका ने साफ किया है कि पैसा तभी मिलेगा जब ईरान कुछ शर्तों को पूरा करेगा. इसमें डिप्लोमेटिक बातचीत में शामिल होना और पैसे को सिर्फ ज़रूरी सामान पर खर्च करने का वादा शामिल है. इस पूरे लेन-देन पर अमेरिका की कड़ी नज़र रहेगी और खरीदारी ईरान के सेंट्रल बैंक के ज़रिए होगी. कतर यहाँ सिर्फ एक बीच के माध्यम का काम कर रहा है.

ताज़ा अपडेट

1 जुलाई 2026 को ईरान के डिप्टी फॉरेन मिनिस्टर ने कहा कि कतर के साथ बैठक में फंड का एक हिस्सा इस्तेमाल करने का फैसला हुआ है. वहीं कतर ने दोबारा दोहराया कि जब तक अमेरिका और ईरान के बीच बातचीत में तरक्की नहीं होती, तब तक पैसा ट्रांसफर नहीं होगा.