ईरान ने रविवार, 26 जुलाई 2026 को यह ऐलान किया कि उसने खाड़ी क्षेत्र में अपनी जवाबी सैन्य कार्रवाई को रोक दिया है। यह फैसला अमेरिका की ओर से दो दिनों तक हवाई हमले बंद रखने के बाद लिया गया है। हालांकि, तेहरान ने सख्त चेतावनी दी है कि यदि अमेरिका ने दोबारा हमले शुरू किए, तो यह संघर्ष पूरे क्षेत्र में फैल सकता है।
अमेरिका और ईरान के बीच तनाव का क्या है हाल
ईरान के सेना प्रवक्ता Mohammad Akraminia ने साफ कहा कि अगर अमेरिका ने हवाई हमले फिर से शुरू किए, तो युद्ध का दायरा बढ़ जाएगा। उन्होंने आरोप लगाया कि इजरायल के प्रधानमंत्री Benjamin Netanyahu की 28 जुलाई को अमेरिका यात्रा से पहले, इजरायल अमेरिका को सैन्य कार्रवाई जारी रखने के लिए उकसा रहा है। ईरानी प्रवक्ता ने दावा किया कि उनकी पहुंच जॉर्डन के अमेरिकी ठिकानों तक है और इराक के Erbil में स्थित अमेरिकी सैन्य ढांचे को काफी नुकसान पहुंचा है।
कूटनीतिक बातचीत और समुद्री रास्ते पर असर
अमेरिका ने लगातार दूसरी रात ईरान पर हवाई हमले रोक रखे हैं और राष्ट्रपति Donald Trump ने भी कूटनीति पर जोर दिया है। वहीं, ईरान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता Esmail Baghaei ने पुष्टि की कि ओमान के साथ Strait of Hormuz को लेकर तकनीकी बातचीत में प्रगति हुई है। दूसरी ओर, ईरान के IRGC ने आज स्ट्रेट ऑफ होर्मुज में छह जहाजों पर चेतावनी के लिए गोलियां चलाईं। फिलहाल, अमेरिका का नौसैनिक नाकाबंदी अभी भी जारी है, जिससे खाड़ी क्षेत्र में रहने वाले प्रवासियों और व्यापार पर असर पड़ सकता है।
