दुनिया की नज़रें अब ईरान और अमेरिका के बीच बढ़ते तनाव पर हैं। ईरान ने साफ़ कह दिया है कि हॉरमुज़ जलडमरूमध्य में अब दुश्मन देशों के जहाज़ों को आने नहीं दिया जाएगा। इस बीच 4 मई 2026 को UAE पर हुए हमलों ने पूरे खाड़ी क्षेत्र में खौफ पैदा कर दिया है, जिसका असर आने वाले समय में तेल की कीमतों और समुद्री रास्तों पर पड़ सकता है।
ईरान ने हॉरमुज़ जलडमरूमध्य के लिए क्या नया नियम बनाया है?
ईरान के विदेश मंत्री Abbas Araghchi ने संसद की कमेटी को बताया कि जलडमरूमध्य के मैनेजमेंट के लिए एक नया सिस्टम तैयार किया जा रहा है। उन्होंने साफ़ शब्दों में कहा कि अब यह रास्ता पहले जैसा नहीं रहेगा और दुश्मन देशों के जहाज़ों को यहाँ से गुज़रने की इजाज़त नहीं मिलेगी।
- विदेश मंत्री का कहना है कि इस राजनीतिक संकट का कोई सैन्य समाधान नहीं है और इसे सिर्फ बातचीत से सुलझाया जा सकता है।
- ईरान के सैन्य कमांड के मेजर जनरल Ali Abdollahi ने चेतावनी दी कि अगर कोई विदेशी सैन्य बल, खासकर अमेरिकी सेना, बिना तालमेल के यहाँ घुसने की कोशिश करेगी तो उसे निशाना बनाया जाएगा।
- ईरान ने यह भी साफ़ किया कि उसके पड़ोसी देशों और दुनिया के बाकी देशों के लिए सुरक्षित रास्ता सुनिश्चित करना उनकी प्राथमिकता है।
UAE पर हमले और अमेरिका के ‘प्रोजेक्ट फ्रीडम’ का क्या सच है?
अमेरिका ने समुद्री रास्तों को फिर से खोलने के लिए Project Freedom शुरू किया है। अमेरिकी सैन्य कमांड (CENTCOM) ने दावा किया कि 4 मई को उनके दो व्यापारिक जहाज़ इस रास्ते से सुरक्षित गुज़रे। लेकिन ईरान की IRGC ने इन दावों को पूरी तरह गलत बताया और कहा कि पिछले कुछ घंटों में कोई भी कमर्शियल जहाज़ यहाँ से नहीं निकला है।
- 4 मई 2026 को UAE ने रिपोर्ट दी कि ईरान ने उन पर हमले किए हैं। माना जा रहा है कि यह हमला अमेरिका द्वारा रास्ते खोलने की कोशिशों के जवाब में हुआ है।
- जापान के प्रधानमंत्री Sanae Takaichi ने कहा कि इस रास्ते के बंद होने से इंडो-पैसिफिक क्षेत्र पर बहुत बुरा असर पड़ रहा है।
क्या ईरान और अमेरिका के बीच बातचीत की कोई गुंजाइश है?
ईरान ने संकेत दिए हैं कि वह अमेरिका के साथ बातचीत के लिए तैयार है, लेकिन इसके लिए वॉशिंगटन को अपनी धमकियों वाली भाषा बदलनी होगी। फिलहाल, ईरान के संसद प्रवक्ता Ebrahim Rezaei ने साफ़ किया है कि अमेरिका के साथ परमाणु समझौते को लेकर अभी कोई बातचीत तय नहीं है।
- पाकिस्तान के विदेश मंत्री Ishaq Dar और ईरान के विदेश मंत्री के बीच इस मुद्दे पर फोन पर बात हुई है।
- रूस के राष्ट्रपति Vladimir Putin और फ़्रांस के विदेश मंत्री ने भी इस मामले में बातचीत की है ताकि तनाव को कम किया जा सके।
- ईरान ने पहले एक प्रस्ताव दिया था कि अगर अमेरिका ने नौसैनिक नाकाबंदी हटा ली, तो वह भी अपने सैन्य अभियान रोक देगा।
Frequently Asked Questions (FAQs)
क्या हॉरमुज़ जलडमरूमध्य पूरी तरह बंद हो गया है?
ईरान की IRGC का दावा है कि हाल के घंटों में कोई कमर्शियल जहाज़ वहाँ से नहीं गुज़रा है, जबकि अमेरिका का कहना है कि उनके जहाज़ सुरक्षित निकल रहे हैं। जापान ने इसे क्षेत्र के लिए बहुत बड़ा प्रभाव बताया है।
ईरान ने अमेरिकी सेना को क्या चेतावनी दी है?
ईरान के सैन्य कमांड ने चेतावनी दी है कि कोई भी विदेशी सेना, विशेष रूप से अमेरिकी सेना, अगर बिना समन्वय के जलडमरूमध्य में प्रवेश करेगी तो उसे सीधा निशाना बनाया जाएगा।