ईरान के Revolutionary Guard ने जानकारी दी है कि बुधवार शाम से अब तक लगभग 30 जहाज Hormuz Strait से होकर गुजरे हैं। यह समुद्री रास्ता दुनिया के तेल और गैस व्यापार के लिए सबसे अहम माना जाता है। अमेरिका और चीन के बीच हुई उच्च स्तरीय बातचीत के बाद अब इस जलमार्ग को खुला रखने पर सहमति बनी है ताकि व्यापार में कोई रुकावट न आए।

Hormuz Strait में जहाजों की आवाजाही का क्या हाल है?

  • ईरान का दावा: Revolutionary Guard (IRGC) ने बताया कि बुधवार शाम से करीब 30 जहाजों को तेहरान की अनुमति के बाद रास्ता दिया गया।
  • तेल और गैस शिप: 10 मई से अब तक तेल और गैस ले जाने वाले 9 बड़े जहाज इस रास्ते से गुजरे हैं।
  • भारत के लिए राहत: भारत आने वाले LPG वाहक जहाज Symi और NV Sunshine सुरक्षित निकल चुके हैं, जिससे अब तक ऐसे कुल 13 जहाज गुजर चुके हैं।
  • चीनी जहाज: ईरान और चीन के बीच प्रोटोकॉल पर सहमति के बाद कुछ चीनी जहाजों को भी रास्ता दिया गया है।

अमेरिका, चीन और अरब देशों का इस पर क्या स्टैंड है?

अमेरिकी राष्ट्रपति Donald Trump और चीनी राष्ट्रपति Xi Jinping ने इस बात पर सहमति जताई है कि Hormuz Strait को खुला रखना जरूरी है। दोनों देशों ने यह भी तय किया कि कोई भी देश इस रास्ते का उपयोग करने वाले जहाजों से शिपिंग टोल या टैक्स नहीं वसूलेगा। वहीं, ईरान के विदेश मंत्री Seyed Abbas Araghchi ने कहा कि ईरान ने रास्ते में कोई रुकावट नहीं डाली है और उन्होंने इसके लिए अमेरिका को जिम्मेदार ठहराया।

दूसरी तरफ, सऊदी अरब, UAE, कतर, कुवैत, बहरीन और जॉर्डन जैसे छह अरब देशों ने मिलकर संयुक्त राष्ट्र को पत्र लिखा है। इन देशों ने ईरान द्वारा इस जलमार्ग पर एकतरफा नियंत्रण के दावे को खारिज कर दिया है और इसे तनाव बढ़ाने वाला कदम बताया है।

सुरक्षा और आर्थिक प्रभाव की स्थिति क्या है?

ईरान के सैन्य प्रवक्ता Mohammad Akraminia ने कहा कि इस रास्ते पर नियंत्रण से तेहरान को बड़ा आर्थिक फायदा हो सकता है और उसकी अंतरराष्ट्रीय साख बढ़ेगी। सुरक्षा के लिहाज से अमेरिकी सेंट्रल कमांड (CENTCOM) ने ‘Project Freedom’ शुरू किया है, जिसके तहत अब तक 65 कमर्शियल जहाजों को रास्ता बदला गया और 4 जहाजों को रोका गया। फिलहाल ईरान इराक और पाकिस्तान के साथ तेल और गैस की सप्लाई के लिए डील कर रहा है।

Frequently Asked Questions (FAQs)

Hormuz Strait से अब तक कितने जहाज गुजरे हैं?

ईरान के Revolutionary Guard के मुताबिक बुधवार शाम से लगभग 30 जहाज गुजरे हैं, जबकि 10 मई से 9 बड़े तेल और गैस जहाज तेहरान की अनुमति के साथ निकले हैं।

अमेरिका और चीन के बीच क्या समझौता हुआ है?

राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और शी जिनपिंग ने इस रास्ते को खुला रखने पर सहमति जताई है और यह तय किया है कि कोई भी देश यहाँ शिपिंग टोल नहीं वसूलेगा।

Sushma Kumari

Shushma covers Stories Around Expats and Helpful Contents Related to Daily life of Public. She completed Mass Communication Degree From Makhan lal Chaturvedi College Bhopal and Has 3 years of Field Experience. Earlier She Worked with Jagran Media Patna Office and Now Working with GulfHindi.com