ईरान के अंदरूनी हालात काफी बिगड़ गए हैं। खबर है कि वहां की सेना और डिप्लोमेसी अब कट्टरपंथी IRGC ग्रुप के कंट्रोल में आ गई है। इस वजह से शांति की उम्मीदें कम हो गई हैं और Strait of Hormuz को फिर से बंद कर दिया गया है, जिससे पूरे इलाके में तनाव बढ़ गया है।

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ईरान में क्या हुआ और कौन है अब पावर में?

IRGC के कमांडर Maj. Gen. Ahmad Vahidi और उनके करीबियों ने अब ईरान की सैन्य और राजनयिक टीमों पर कब्जा कर लिया है। इस वजह से मध्यममार्गी नेताओं जैसे विदेश मंत्री Abbas Araghchi को किनारे कर दिया गया है। IRGC ने 18 अप्रैल को Strait of Hormuz को पूरी तरह बंद करने का एलान किया, जबकि इससे पहले इसे खोलने की बात कही गई थी। अब वहां के फैसले सिर्फ कट्टरपंथी गुट ही ले रहा है।

अमेरिका के साथ शांति वार्ता का क्या हुआ?

ईरान ने अमेरिका के साथ होने वाली दूसरी दौर की शांति बातचीत को सिरे से खारिज कर दिया है। ईरान का कहना है कि अमेरिका की मांगें बहुत ज्यादा हैं और उसकी तरफ से समुद्री नाकाबंदी जारी है। हालांकि, अमेरिकी राष्ट्रपति Donald Trump ने कहा कि उनके प्रतिनिधि JD Vance, Steve Witkoff और Jared Kushner बातचीत के लिए 21 अप्रैल को पाकिस्तान जाएंगे। वहां 22 अप्रैल से फिर से चर्चा शुरू हो सकती है।

ईरान संकट से जुड़ी मुख्य जानकारियां

तारीख/व्यक्ति मुख्य घटना या भूमिका
18 अप्रैल 2026 IRGC ने Strait of Hormuz को पूरी तरह बंद कर दिया
19 अप्रैल 2026 ईरान ने अमेरिका के साथ शांति वार्ता करने से मना किया
20 अप्रैल 2026 राष्ट्रपति Trump ने सीजफायर उल्लंघन का आरोप लगाया
21 अप्रैल 2026 अमेरिकी टीम का पाकिस्तान के लिए प्रस्थान
22 अप्रैल 2026 इस्लामाबाद में बातचीत शुरू होने की संभावना
Maj. Gen. Ahmad Vahidi IRGC कमांडर, जिन्होंने अब कमान संभाली है
Abbas Araghchi विदेश मंत्री, जिन्हें कट्टरपंथियों ने किनारे कर दिया
Nura Basta

Nura Basta is the Editor at GulfHindi.com and a journalism graduate from IIMC Delhi. With more than 7 years of professional experience, he has worked with leading media organizations including Aaj Tak (2018–2021) and Gulf News (2021–2025). His reporting and editorial work primarily focus on Gulf news, current affairs, and issues relevant to the Indian diaspora. At GulfHindi.com, he is committed to providing credible, well-researched, and impactful content for Hindi readers in the Gulf.