हार्मज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) में तनाव की स्थिति बनी हुई है। 19 जुलाई 2026 को ईरान के इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) ने जानकारी दी कि दो जहाज एक असुरक्षित रास्ते से गुजरने की कोशिश कर रहे थे, जिसके बाद वे एक दुर्घटना का शिकार हो गए। ईरानी अधिकारियों ने इस क्षेत्र से गुजरने वाले अन्य जहाजों को सख्त निर्देश जारी किए हैं।
👉: UAE में रह रहे पाकिस्तानियों के लिए अपडेट, 20 जुलाई से शुरू होगी ई-पासपोर्ट की सुविधा.।
ईरान का कड़ा रुख
ईरान की अर्ध-सरकारी समाचार एजेंसी तस्नीम के अनुसार, दो अन्य जहाजों को भी इस रास्ते से लौटने का आदेश दिया गया था। IRGC का दावा है कि उन्होंने हार्मज जलडमरूमध्य पर पूरी तरह नियंत्रण बना रखा है। उनका कहना है कि अब से कोई भी तेल, गैस या रसायनिक उर्वरक ले जाने वाला जहाज बिना अनुमति के इस जलमार्ग से नहीं गुजर सकेगा।
सुरक्षा को लेकर चेतावनी
IRGC ने आरोप लगाया है कि चार जहाज अपने नेविगेशन सिस्टम को बंद करके और चेतावनियों को नजरअंदाज करके गलत रास्ते से निकलने की कोशिश कर रहे थे। IRGC ने चेतावनी दी है कि जो भी जहाज अमेरिकी प्रभाव में आकर असुरक्षित रास्तों का चुनाव करेंगे, वे इसी तरह की दुर्घटनाओं का सामना करेंगे। मई और जून 2026 से ही ईरान इस क्षेत्र में आवाजाही के लिए अपने नए नियम लागू कर चुका है, जिसके तहत केवल सरकार द्वारा घोषित रास्तों का ही उपयोग किया जा सकता है।
क्षेत्रीय तनाव और अमेरिका की कार्रवाई
यह पूरी घटना उस समय हुई जब क्षेत्र में तनाव चरम पर है। इसी दिन अमेरिका ने ईरान के कुछ ठिकानों पर हवाई हमले किए। अमेरिकी अधिकारियों के अनुसार, ये हमले ईरान की उस क्षमता को कमजोर करने के लिए किए गए थे, जिसके जरिए वे हार्मज जलडमरूमध्य से तेल टैंकरों की आवाजाही को रोकने की कोशिश करते हैं।
