मिडिल ईस्ट में बढ़ते तनाव के बीच ईरान की नौसेना (IRGC) ने Strait of Hormuz को लेकर एक बड़ा दावा किया है। ईरान की सेना ने बताया कि पिछले 24 घंटों में 26 कमर्शियल जहाजों ने उनके साथ तालमेल बैठाकर और बकायदा अनुमति लेकर इस समुद्री मार्ग को सुरक्षित पार किया है। ईरान ने मई 2026 की शुरुआत में इस मार्ग के लिए नए और कड़े नियम लागू किए थे, जिसका अमेरिका और चीन जैसे बड़े देश लगातार विरोध कर रहे हैं। इस नए बदलाव के बाद खाड़ी देशों में आने-जाने वाले जहाजों की सुरक्षा को लेकर चिंताएं बढ़ गई हैं।

ईरान का नया नियम और जहाजों को रोकने का दावा

ईरान की सेना का कहना है कि Strait of Hormuz से गुजरने वाले हर छोटे-बड़े जहाज को उनकी नौसेना से मंजूरी लेनी होगी। ईरान ने इसके लिए Persian Gulf Strait Authority (PGSA) नाम का एक नया सरकारी विभाग बनाया है। इस नए नियम के तहत सभी शिपिंग कंपनियों को सफर शुरू करने से पहले ईरान को 40 से अधिक प्रकार की जानकारियां देनी होंगी।

  • ईरान ने चेतावनी दी है कि तय नियमों का उल्लंघन करने वाले या रास्ता बदलने वाले जहाजों को बलपूर्वक रोका जाएगा और उन पर कार्रवाई होगी।
  • पिछले 24 घंटों में ईरान ने दो जहाजों को रोका है और कुछ को वापस भेज दिया है, जिन पर अपनी नेविगेशन प्रणाली के साथ छेड़छाड़ करने का आरोप था।
  • अंतरराष्ट्रीय नियमों के अनुसार इस मार्ग को फ्री पैसेंजर कॉरिडोर माना जाता है, लेकिन ईरान इसे अपने नियंत्रण वाला क्षेत्र बता रहा है।

अमेरिका और चीन का कड़ा विरोध और मिसाइल हमले का आरोप

इस पूरे घटनाक्रम पर दुनिया की महाशक्तियां भी आमने-सामने आ गई हैं। बीजिंग में हुई एक शिखर बैठक में अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और चीनी नेता शी जिनपिंग ने साफ तौर पर कहा है कि इस समुद्री रास्ते को ऊर्जा सप्लाई के लिए खुला रखना बेहद जरूरी है। दोनों नेताओं ने इस मार्ग पर किसी भी तरह का टैक्स या टोल टैक्स लगाने का कड़ा विरोध किया है।

इसी बीच सीमा पर सैन्य झड़पें भी तेज हो गई हैं। अमेरिकी सेंट्रल कमांड (CENTCOM) के अनुसार, ईरान ने 27 मई 2026 को कुवैत की तरफ एक बैलिस्टिक मिसाइल दागी थी और 5 घातक ड्रोन लॉन्च किए थे, जिन्हें अमेरिकी सेना ने हवा में ही नष्ट कर दिया। दूसरी तरफ ईरान का दावा है कि अमेरिकी सेना ने बंदर अब्बास एयरपोर्ट के पास मिसाइल दागकर पहले सीजफायर का उल्लंघन किया था, जिसके जवाब में ईरान ने अमेरिकी सैन्य ठिकाने को निशाना बनाया है।

Frequently Asked Questions (FAQs)

Strait of Hormuz से गुजरने के लिए ईरान ने क्या नया नियम बनाया है?

ईरान ने ‘Persian Gulf Strait Authority’ (PGSA) का गठन किया है। अब यहाँ से गुजरने वाले सभी जहाजों को ईरान की सेना से पहले अनुमति लेनी होगी और 40 से अधिक प्रकार की जानकारियों के दस्तावेज जमा कराने होंगे।

ईरान के इस नए नियम पर अमेरिका और चीन का क्या रुख है?

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और चीन के शी जिनपिंग ने साफ कहा है कि यह एक अंतरराष्ट्रीय जलमार्ग है और इसे व्यापार के लिए हमेशा खुला रहना चाहिए। दोनों देशों ने इस पर किसी भी तरह का टैक्स लगाने का विरोध किया है।

क्या हाल ही में इस क्षेत्र में कोई सैन्य झड़प हुई है?

हाँ, अमेरिकी सैन्य कमांड के अनुसार ईरान ने कुवैत की ओर मिसाइल दागी और ड्रोन हमले किए, जिन्हें हवा में नष्ट कर दिया गया। वहीं ईरान ने भी अमेरिका पर सीजफायर उल्लंघन का आरोप लगाकर अमेरिकी बेस पर जवाबी कार्रवाई की बात कही है।