6 अप्रैल 2026 को ईरान और इसराइल के बीच तनाव अब खतरनाक मोड़ पर पहुँच गया है. ईरान की ओर से दागी गई बैलिस्टिक मिसाइलों ने इसराइल के उत्तरी और मध्य हिस्सों को दहला दिया है. इस हमले में इसराइल के हाइफ़ा शहर में जान-माल का बड़ा नुकसान हुआ है. वहीं इसराइल और अमेरिका ने भी मिलकर तेहरान में जवाबी हमले किए हैं जिससे आम नागरिकों की जान गई है. खाड़ी देशों में रहने वाले प्रवासियों के लिए भी यह स्थिति काफी चिंताजनक बनी हुई है.

ईरान के हमले में क्या हुआ और कहाँ हुआ नुकसान?

ईरान की ओर से मिसाइलें छोड़े जाने के बाद पूरे इसराइल में खतरे के सायरन बजने लगे. इसराइली सेना ने पुष्टि की है कि ईरान ने एक साथ कई बैलिस्टिक मिसाइलें दागीं. हाइफ़ा शहर में एक मिसाइल सीधे एक रिहायशी इमारत पर गिरी जिससे दो लोगों की मौत हो गई. बचाव दल अभी भी मलबे में दबे दो और लोगों की तलाश कर रहे हैं. तेल अवीव में भी एक 90 साल की बुजुर्ग महिला शेल्टर की ओर जाते समय गिर गईं और उन्हें गंभीर चोटें आई हैं.

इसराइल का पलटवार और अब तक हुए नुकसान के आंकड़े

इसराइल ने भी तुरंत कार्रवाई करते हुए तेहरान में कई ठिकानों पर हवाई हमले किए हैं. इन हमलों में रिहायशी इलाकों और शरीफ यूनिवर्सिटी को निशाना बनाया गया है. नीचे दी गई तालिका में दोनों तरफ हुए मुख्य नुकसान की जानकारी दी गई है:

स्थान नुकसान का विवरण
हाइफ़ा (Isreal) 2 लोगों की मौत और एक बड़ी इमारत तबाह
तेहरान (Iran) 13 लोगों की मौत, जिसमें 6 बच्चे शामिल हैं
तेल अवीव (Israel) 1 महिला गंभीर रूप से घायल
ईरान के सैन्य ठिकाने इसराइली हमले में भारी तबाही की खबर

क्या अब युद्ध थमेगा या आगे स्थिति और बिगड़ेगी?

ईरान की सेना ने साफ तौर पर चेतावनी दी है कि अगर उनके नागरिक ठिकानों पर हमले जारी रहे तो वे और भी बड़ा और विनाशकारी बदला लेंगे. दूसरी ओर ईरान के प्रवक्ता ने कहा है कि अगर जंग के नुकसान का हर्जाना दिया जाए तो वे हॉर्मुज जलडमरूमध्य को खोल सकते हैं. फिलहाल अमेरिका और अन्य मध्यस्थ देश 45 दिनों के युद्धविराम के लिए चर्चा कर रहे हैं. खाड़ी देशों में रहने वाले भारतीय और अन्य प्रवासियों को सलाह दी जा रही है कि वे सुरक्षा अपडेट पर नजर रखें क्योंकि इस तनाव का असर फ्लाइट्स और तेल की कीमतों पर पड़ सकता है.

Praggya Singh sabal

Journalist from Noida. Covering Delhi, NCR and National Updates.