ईरान के राष्ट्रपति Masoud Pezeshkian ने गुरुवार, 30 अप्रैल 2026 को जापान के प्रधानमंत्री Sanae Takaichi से फोन पर बातचीत की। इस दौरान उन्होंने कहा कि ईरान एक ऐसे समाधान के लिए तैयार है जो उसके अधिकारों की रक्षा करे और क्षेत्र में शांति लाए। यह बातचीत उस समय हुई है जब दुनिया की नजरें मिडिल ईस्ट के तनाव पर टिकी हैं।

ईरान और जापान की बातचीत में किन बातों पर चर्चा हुई?

राष्ट्रपति Pezeshkian ने जापान के प्रधानमंत्री Takaichi को बताया कि ईरान कूटनीति के जरिए मसले हल करना चाहता है। जवाब में जापान की प्रधानमंत्री ने उम्मीद जताई कि अमेरिका और ईरान के बीच बातचीत जल्द शुरू होगी और कोई अंतिम समझौता होगा। उन्होंने Strait of Hormuz से जहाजों के सुरक्षित आने-जाने की मांग भी की ताकि व्यापार में कोई दिक्कत न आए।

अमेरिका के साथ विवाद और ईरान का रुख क्या है?

ईरान ने अमेरिका के रवैये पर सवाल उठाए हैं। राष्ट्रपति Pezeshkian ने कहा कि अमेरिकी अधिकारियों के बयान भड़काऊ हैं। उन्होंने ईरानी बंदरगाहों की नाकाबंदी को अंतरराष्ट्रीय कानून का उल्लंघन बताया और कहा कि इससे तनाव बढ़ सकता है। ईरान का कहना है कि वह अपने जायज अधिकारों की रक्षा करना जारी रखेगा और शांति तभी आएगी जब अमेरिका अपना तरीका बदलेगा।

रूस और तुर्की ने शांति के लिए क्या प्रयास किए?

  • रूस: 12 अप्रैल 2026 को राष्ट्रपति Pezeshkian ने रूस के राष्ट्रपति Vladimir Putin से बात की थी और अमेरिका के साथ एक संतुलित समझौते की बात कही थी।
  • तुर्की: 30 जनवरी 2026 को तुर्की के राष्ट्रपति Tayyip Erdogan ने अमेरिका और ईरान के बीच बीच-बचाव करने या फैसिलिटेटर बनने की पेशकश की थी।

Frequently Asked Questions (FAQs)

ईरान ने शांति के लिए क्या शर्त रखी है?

ईरान का कहना है कि वह बातचीत के लिए तैयार है लेकिन इसके लिए अमेरिका को अपने रवैये में बदलाव लाना होगा।

जापान ने Strait of Hormuz को लेकर क्या मांग की?

जापान की प्रधानमंत्री ने मांग की कि सभी जहाजों, खासकर जापानी जहाजों के लिए रास्ता सुरक्षित और खुला रखा जाए।