ईरान और कजाकिस्तान ने व्यापार को आसान बनाने के लिए हाथ मिलाया है। दोनों देशों ने अपने बंदरगाहों और रेलवे नेटवर्क को साझा करने का फैसला किया है। इस कदम से सामान एक जगह से दूसरी जगह भेजना सस्ता और तेज़ हो जाएगा, जिससे दोनों देशों की अर्थव्यवस्था को फायदा होगा।
बंदरगाहों का साझा इस्तेमाल
ईरान ने कजाकिस्तान को अपने शाहिद राजाई पोर्ट (Shahid Rajaee Port) में ज़मीन देने की प्रक्रिया पूरी कर ली है। इसके अलावा, ईरान ने यह भी कन्फर्म किया है कि कजाकिस्तान अब चबहार पोर्ट (Chabahar Port) का इस्तेमाल कर सकेगा। चबहार पोर्ट के ज़रिए कजाकिस्तान दक्षिण और दक्षिण-पूर्व एशिया के बाज़ारों तक आसानी से पहुँच पाएगा।
बदले में, कजाकिस्तान ने भी ईरान को मदद का भरोसा दिया है। वह अपने अक्ताउ (Aktau) और क्युरीक (Kuryk) बंदरगाहों में ईरानी कंपनियों को जगह और टर्मिनल देगा ताकि कैस्पियन सागर क्षेत्र में लॉजिस्टिक्स का काम बेहतर हो सके।
रेलवे नेटवर्क में बड़ा अपडेट
परिवहन को बेहतर बनाने के लिए चबहार-ज़ाहेदान रेलवे लाइन का काम तेज़ी से चल रहा है। यह लाइन 90 प्रतिशत से ज़्यादा पूरी हो चुकी है और अगले दो से तीन महीनों में इसे ईरान के नेशनल रेलवे नेटवर्क से जोड़ दिया जाएगा। इससे हिंद महासागर, मध्य एशिया और यूरोप को जोड़ने वाला रेल नेटवर्क और मज़बूत होगा।
व्यापार और क्षमता के आंकड़े
| विवरण | आंकड़े / लक्ष्य | |
|---|---|---|
| 2025 का व्यापार टर्नओवर | 430.2 मिलियन डॉलर | |
| व्यापार बढ़ाने का लक्ष्य | 3 बिलियन डॉलर | |
| 2030 तक ट्रांजिट क्षमता का लक्ष्य | 20 मिलियन टन | |
| 2025 में रेल माल ढुलाई में बढ़ोतरी | 69% | |
| नॉर्थ-साउथ कॉरिडोर में माल की बढ़ोतरी | 12% (3.5 मिलियन टन) |
अधिकारियों ने क्या कहा
ईरान की सड़कों और शहरी विकास मंत्री फरज़ानह सादेग (Farzaneh Sadegh) ने बताया कि कजाकिस्तान के लिए दुनिया के बाज़ारों तक पहुँचने का सबसे सस्ता और सुरक्षित रास्ता ईरान है। उन्होंने चबहार और शाहिद राजाई पोर्ट के समझौतों की पुष्टि की।
वहीं, कजाकिस्तान के डिप्टी पीएम और नेशनल इकोनॉमी मिनिस्टर सेरिक झुमंगारिन (Serik Zhumangarin) ने कहा कि ईरान कजाकिस्तान का एक मुख्य व्यापारिक साथी है। उन्होंने ट्रांसपोर्ट इंफ्रास्ट्रक्चर को आधुनिक बनाने के लिए एक रोडमैप तैयार करने का प्रस्ताव रखा ताकि सालाना क्षमता को 20 मिलियन टन तक ले जाया जा सके।
अन्य महत्वपूर्ण समझौते
- कजाकिस्तान, रूस, तुर्कमेनिस्तान और ईरान के बीच जल्द ही एक चार-पक्षीय टैरिफ समझौता होगा।
- चीन, कजाकिस्तान, तुर्कमेनिस्तान, ईरान और तुर्की के बीच एक पांच-पक्षीय रेलवे समझौते पर भी बात हुई।
- ईरान और EAEU के बीच फ्री ट्रेड एग्रीमेंट से भी व्यापार को बढ़ावा मिलेगा।