लेबनान और ईरान के बीच राजनीतिक तनाव अचानक तेज हो गया है। लेबनान के राष्ट्रपति जोसेफ औन के एक बयान पर ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची ने सार्वजनिक रूप से कड़ी आपत्ति जताई है। राष्ट्रपति औन ने आरोप लगाया था कि ईरान अमेरिका के साथ अपनी बातचीत में लेबनान का इस्तेमाल एक मोहरे के रूप में कर रहा है। इस पर ईरानी विदेश मंत्री ने सोशल मीडिया पर सीधे शब्दों में अपनी नाराजगी व्यक्त की है और लेबनान को अपने असली दुश्मन पर ध्यान लगाने की नसीहत दी है।
लेबनान के राष्ट्रपति जोसेफ औन ने क्या आरोप लगाया था?
लेबनान के राष्ट्रपति जोसेफ औन ने शुक्रवार, 5 जून 2026 को एक इंटरव्यू में ईरान पर गंभीर आरोप लगाए थे। उन्होंने कहा था कि ईरान अमेरिका के साथ अपनी बातचीत में लेबनान का इस्तेमाल एक सौदेबाजी की वस्तु की तरह कर रहा है। उन्होंने यह भी कहा कि ईरान के इन फैसलों और हितों की कीमत लेबनान के आम लोगों को चुकानी पड़ रही है, जो कि लेबनान की जनता की मर्जी के बिल्कुल खिलाफ है।
ईरानी विदेश मंत्री अब्बास अराघची का पलटवार और जवाब
राष्ट्रपति औन के इन आरोपों के तुरंत बाद शनिवार, 6 जून 2026 को ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर इसका जवाब दिया। उन्होंने लिखा कि राष्ट्रपति औन के बयानों को सुनकर ऐसा लगता है मानो ईरान ने लेबनान के पांचवें हिस्से पर कब्जा कर रखा है, वहां के एक चौथाई लोगों को विस्थापित किया है और रोजाना वहां बमबारी कर रहा है।
विदेश मंत्री ने साफ किया कि अगर लेबनान वाकई ईरान के लिए केवल एक मोहरा होता, तो दोनों देशों के बीच बहुत पहले ही कोई समझौता हो गया होता। उन्होंने राष्ट्रपति औन से आग्रह किया कि वे अपना ध्यान लेबनान के असली दुश्मन पर केंद्रित करें, जो कि सीधे तौर पर क्षेत्र में चल रहे संघर्ष और हमलों की ओर इशारा था।
Frequently Asked Questions (FAQs)
लेबनान के राष्ट्रपति जोसेफ औन ने ईरान पर क्या आरोप लगाया था?
राष्ट्रपति जोसेफ औन ने आरोप लगाया था कि ईरान अपनी अमेरिकी वार्ताओं में लेबनान का इस्तेमाल एक सौदेबाजी के मोहरे की तरह कर रहा है और इसका खामियाजा लेबनान की जनता भुगत रही है।
ईरानी विदेश मंत्री अब्बास अराघची ने राष्ट्रपति के आरोपों का क्या जवाब दिया?
ईरानी विदेश मंत्री ने इन आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि यदि लेबनान केवल एक मोहरा होता तो समझौता बहुत पहले हो गया होता। उन्होंने राष्ट्रपति को देश के असली दुश्मन पर ध्यान केंद्रित करने की सलाह दी।
