नाइजीरिया के छात्रों ने ईरान के मिनाब में मारे गए स्कूली बच्चों और शिक्षकों की याद में एक विशेष कार्यक्रम आयोजित किया. यह घटना 28 फरवरी 2026 की है जब अमेरिका द्वारा किए गए एक हमले में Shajarah Tayyebeh प्राथमिक स्कूल तबाह हो गया था. इस हमले में करीब 170 मासूम बच्चे और उनके टीचर मारे गए थे, जिसकी गूंज अब पूरी दुनिया में सुनाई दे रही है.

मिनाब स्कूल हमले की पूरी सच्चाई क्या है

यह हमला तब हुआ था जब अमेरिका और इसराइल ने ईरान में सैन्य अभियान शुरू किया था. अमेरिकी सेना ने बाद में अपनी गलती स्वीकार करते हुए कहा कि पुराने डेटा की वजह से उन्होंने स्कूल को सैन्य ठिकाना समझ लिया था. ईरानी अधिकारियों ने पुष्टि की कि इस हमले में कुल 168 लोग मारे गए और 95 से ज्यादा घायल हुए. एमनेस्टी इंटरनेशनल और ह्यूमन राइट्स वॉच ने इसे अंतरराष्ट्रीय कानून का उल्लंघन बताया है.

शहीद बच्चों की याद में किए गए खास कार्यक्रम

इस दुखद घटना के बाद ईरान में कई तरह से श्रद्धांजलि दी गई. नेशनल फुटबॉल टीम ने नाइजीरिया के खिलाफ मैच से पहले काले बैंड पहने और बच्चों के बैग पकड़े. 4 अप्रैल को ‘Iran Hamdel’ नाम से एक राष्ट्रीय अभियान चलाया गया. इसके अलावा स्कूल के खंडहरों पर 2000 लाल तितलियों वाली एक प्रदर्शनी लगाई गई ताकि उन मासूमों को याद रखा जा सके.

तारीख घटना/अपडेट
28 फरवरी 2026 मिनाब स्कूल पर अमेरिकी हमला, करीब 170 मौतें
11 मार्च 2026 वाशिंगटन पोस्ट ने बताया कि स्कूल अमेरिकी टारगेट लिस्ट में था
16 मार्च 2026 एमनेस्टी इंटरनेशनल ने जवाबदेही की मांग की
27-28 मार्च 2026 ईरानी फुटबॉल टीम ने ब्लैक आर्मबैंड पहनकर श्रद्धांजलि दी
3 अप्रैल 2026 ‘Iran Hamdel’ राष्ट्रीय अभियान की शुरुआत
11 अप्रैल 2026 स्कूल के खंडहरों पर लाल तितलियों वाली कलाकृति का अनावरण
19 अप्रैल 2026 ‘In Memory of the Celebration of Angels’ नाटक का आयोजन
21 अप्रैल 2026 नाइजीरिया के छात्रों ने शहीदों को याद किया
Sushma Kumari

Shushma covers Stories Around Expats and Helpful Contents Related to Daily life of Public. She completed Mass Communication Degree From Makhan lal Chaturvedi College Bhopal and Has 3 years of Field Experience. Earlier She Worked with Jagran Media Patna Office and Now Working with GulfHindi.com