21 मार्च 2026 को ईरान और इज़राइल के बीच तनाव अपने सबसे खतरनाक स्तर पर पहुंच गया। ताजा आंकड़ों और रिपोर्ट के मुताबिक ईरान ने अपनी मिसाइलों और ड्रोन का सबसे बड़ा हिस्सा खाड़ी देशों की ओर दागा है। सऊदी न्यूज़ की रिपोर्ट बताती है कि ईरान द्वारा छोड़ी गई कुल मिसाइलों में से 85 प्रतिशत का निशाना खाड़ी देश रहे, जबकि इज़राइल की तरफ केवल 15 प्रतिशत हमला किया गया। इस घटना ने पूरे मिडिल ईस्ट की सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।

ℹ: Strait of Hormuz बंद करने की कोशिश पर भड़के 20 से ज्यादा देश, UAE और ब्रिटेन ने ईरान को दी कड़ी चेतावनी

किस खाड़ी देश पर हुए सबसे ज्यादा हमले?

ईरान के हमलों की चपेट में आने वाले देशों में संयुक्त अरब अमीरात यानी UAE सबसे ऊपर रहा है। पिछले तीन हफ्तों के डेटा के अनुसार खाड़ी के देशों पर हजारों की संख्या में मिसाइलें और ड्रोन छोड़े गए हैं। ईरान के रिवोल्यूशनरी गार्ड ने इन हमलों की जिम्मेदारी ली है और इसे एक बड़ा सैन्य ऑपरेशन बताया है। सऊदी अरब और कुवैत में मौजूद अमेरिकी ठिकानों को भी निशाना बनाने की बात सामने आई है।

देश का नाम मिसाइल और ड्रोन की संख्या
UAE (यूएई) 2100 से ज्यादा हमले
Kuwait (कुवैत) 840 से ज्यादा हमले
Bahrain (बहरीन) 360 से ज्यादा हमले
Saudi (सऊदी अरब) सैकड़ों ड्रोन और मिसाइलें

खाड़ी देशों में सुरक्षा की वर्तमान स्थिति क्या है?

सऊदी अरब, कुवैत और कतर जैसे देशों ने अपने एयर डिफेंस सिस्टम की मदद से कई बड़े हमलों को नाकाम किया है। सऊदी डिफेंस मिनिस्ट्री ने बताया कि रियाद और पूर्वी इलाकों में कई ड्रोन को हवा में ही नष्ट कर दिया गया। खाड़ी देशों में रहने वाले भारतीय प्रवासियों के लिए यह स्थिति चिंताजनक है क्योंकि हमलों की वजह से कुछ जगहों पर आग लगने और जहाजों को नुकसान पहुंचने की खबरें भी आई हैं। खाड़ी देशों की सरकारों ने अपने नागरिकों और प्रवासियों की सुरक्षा के लिए अलर्ट जारी किया है और सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी है।