4 अप्रैल 2026 को ईरान और इसराइल के बीच चल रहा संघर्ष अब और ज्यादा खतरनाक हो गया है। ईरान की तरफ से दागी गई मिसाइलों ने दक्षिणी इसराइल के कई हिस्सों में सीधा हमला किया है। IRNA न्यूज एजेंसी ने जानकारी दी कि इन मिसाइलों को रोकने में इसराइली डिफेंस सिस्टम को काफी मुश्किलों का सामना करना पड़ा। हमले के बाद इसराइल के कई बड़े शहरों में सायरन बजाए गए और लोगों को फौरन सुरक्षित ठिकानों पर छिपने के लिए कहा गया।

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मिसाइल हमले में कहां और कितना हुआ नुकसान?

इस हमले ने इसराइल के रिहायशी और औद्योगिक दोनों इलाकों को प्रभावित किया है। नेगेव से लेकर तेल अवीव तक नुकसान की खबरें सामने आई हैं।

  • दक्षिणी इसराइल के नेगेव इलाके में एक मिसाइल फैक्ट्री पर गिरी जिससे वहां भीषण आग लग गई।
  • तेल अवीव के पास बेने ब्रैक शहर में एक व्यक्ति मिसाइल के कांच के टुकड़ों की चपेट में आने से घायल हो गया।
  • पेतह टिकवा और तेल अवीव की कई इमारतों को मिसाइल हमले से काफी नुकसान पहुंचा है।
  • बीयरशेबा और अराद जैसे शहरों में हमले के कारण घंटों तक सायरन की आवाजें सुनाई देती रहीं।
  • ईरान रोजाना 15 से 30 बैलिस्टिक मिसाइलें और लगभग 100 सुसाइड ड्रोन इस इलाके में दाग रहा है।

इसराइल और ईरान की सेनाओं का अगला कदम क्या है?

विवरण ताज़ा जानकारी
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ईरानी राष्ट्रपति मसूद पेजेशकियन ने अमेरिका पर आतंकवाद का आरोप लगाया है। इस बीच संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद में हॉर्मुज जलडमरूमध्य की सुरक्षा को लेकर आने वाला प्रस्ताव भी चीन के विरोध के कारण टल गया है। खाड़ी क्षेत्र में रहने वाले भारतीयों और अन्य प्रवासियों के लिए यह तनाव चिंता का विषय बना हुआ है क्योंकि इससे क्षेत्र की सुरक्षा और यात्रा व्यवस्था पर सीधा असर पड़ रहा है।