कुवैत में तनाव बहुत बढ़ गया है। 21 जुलाई 2026 को ईरान ने कुवैत में मौजूद अमेरिकी सैन्य ठिकाने कैंप आरिफजान को अपना निशाना बनाया है। ईरान की सरकारी न्यूज़ एजेंसी IRNA के मुताबिक, ईरान की सेना ने HIMARS आर्टिलरी सिस्टम को खत्म करने के लिए सतह से सतह पर मार करने वाली मिसाइलें दागीं। ईरान का कहना है कि ये हमला ‘ऑपरेशन साएकेह’ के अठारहवें चरण का हिस्सा था।
🚨: Oman के पास टैंकर पर हुआ हमला, मिसाइल लगने से लगी भीषण आग, UKMTO ने जारी की चेतावनी।
कुवैत में मची अफरातफरी
ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेज़ेशकियन ने इसी दिन एक बड़ा बयान दिया है। उन्होंने कहा कि अमेरिका और ईरान के बीच का तनाव अब एक पूर्ण युद्ध में बदल चुका है। कुवैत की सेना ने भी इस बात की पुष्टि की है कि उनके एयर डिफेंस सिस्टम ने ईरान की ओर से आए कई मिसाइल और ड्रोन हमलों को हवा में रोकने की कोशिश की है। कुवैत सरकार ने आरोप लगाया है कि ईरान के हमले में नागरिक ठिकानों और ज़रूरी इंफ्रास्ट्रक्चर को भी खतरा पहुंचा है।
लगातार चल रहा सैन्य संघर्ष
अमेरिकी सैन्य मुख्यालय CENTCOM ने जानकारी दी है कि उन्होंने भी ईरान के खिलाफ जवाबी हमले तेज़ कर दिए हैं। यह लगातार 10वां दिन है जब अमेरिका ईरान की सैन्य ताकतों को कमज़ोर करने के लिए हमले कर रहा है। इससे पहले ईरान ने कुवैत में ही कैंप उदैरी और अली अल सलेम एयर बेस को भी निशाना बनाया था। साथ ही, होरमुज जलडमरूमध्य में एक टैंकर पर भी किसी अज्ञात वस्तु से हमले की खबर सामने आई है, जिससे पूरे इलाके में हालात काफी तनावपूर्ण बने हुए हैं।
