ईरान के नए सुप्रीम लीडर Mojtaba Khamenei का बड़ा संदेश, बोले युद्ध नहीं चाहते लेकिन अपने अधिकारों से समझौता नहीं करेंगे
ईरान के नए सुप्रीम लीडर Mojtaba Khamenei ने दुनिया को एक कड़ा संदेश भेजा है. ईरानी स्टेट टीवी ने 9 अप्रैल को उनका एक लिखित संदेश पढ़ा जिसमें उन्होंने अमेरिका और इसराइल को चेतावनी दी है. उन्होंने साफ कहा कि ईरान युद्ध नहीं चाहता लेकिन अपने जायज अधिकारों को छोड़ने के लिए तैयार नहीं है.
Mojtaba Khamenei ने अपने संदेश में क्या बातें कहीं
- युद्ध पर रुख: उन्होंने स्पष्ट किया कि ईरान युद्ध नहीं चाहता है.
- अधिकारों की बात: अमेरिका और इसराइल की धमकियों के बावजूद ईरान अपने अधिकारों से पीछे नहीं हटेगा.
- जीत का दावा: उन्होंने कहा कि नुकसान झेलने के बाद भी ईरान ने अमेरिका और इसराइल के खिलाफ निर्णायक जीत हासिल की है.
- मुआवजे की मांग: ईरान अपने शहीदों के खून और हुए नुकसान के लिए मुआवजे की मांग करेगा.
Strait of Hormuz और पड़ोसी देशों को लेकर क्या चेतावनी दी
सुप्रीम लीडर ने घोषणा की कि रणनीतिक Strait of Hormuz का मैनेजमेंट अब एक नए दौर में प्रवेश करेगा. उन्होंने ईरान के दक्षिणी पड़ोसी देशों से अपील की कि वे सही जगह पर खड़े रहें. साथ ही उन्होंने पड़ोसियों को बुरे लोगों के झूठे वादों से सावधान रहने की सलाह दी है.
कौन हैं Mojtaba Khamenei और क्या हैं मौजूदा हालात
Mojtaba Khamenei 8 मार्च 2026 को ईरान के सुप्रीम लीडर बने थे. उनके पिता Ayatollah Ali Khamenei की हत्या 2026 के ईरान युद्ध के दौरान हुई थी. इस पद पर यह पहली बार हुआ है जब किसी बेटे को चुना गया है. फिलहाल अमेरिका और ईरान के बीच दो हफ्ते का युद्धविराम चल रहा है, लेकिन लेबनान में इसराइली हमलों की वजह से यह समझौता खतरे में है.




