लेबनान के दक्षिण इलाके में शांति लाने के लिए हुए समझौते (MoU) पर ईरान ने बड़ी आपत्ति जताई है। ईरान का कहना है कि इस समझौते को लागू करने की रफ्तार बहुत धीमी है और नियमों का पालन नहीं किया जा रहा है। इस मामले को लेकर अब ईरान ने अमेरिका और इसराइल पर गंभीर सवाल उठाए हैं।

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ईरान की मुख्य चिंता समझौते के आर्टिकल 1 को लेकर है। इस नियम के मुताबिक सभी मोर्चों पर सैन्य कार्रवाई तुरंत और पूरी तरह से रोकनी थी। ईरान का दावा है कि इसराइल अब भी दक्षिणी लेबनान में हमले कर रहा है, जो कि समझौते की शर्तों को सीधे तौर पर तोड़ना है।

तेहरान ने इस पूरी स्थिति के लिए अमेरिका को जिम्मेदार ठहराया है। ईरान का कहना है कि अमेरिका ने इस MoU के तहत वादा किया था कि वह इसराइल को सैन्य कार्रवाई रोकने के लिए मजबूर करेगा। ईरान की मांग है कि इसराइल अपनी सेना को लेबनान की जमीन से पूरी तरह हटा ले और हमलों को बंद करे।

सरकारी अधिकारियों के बयान

  • 30 जून 2026: ईरान के डिप्टी फॉरेन मिनिस्टर काज़ेम गारीबाबदी ने कहा कि MoU लागू करने की धीमी रफ्तार से उन्हें काफी परेशानी है, खासकर लेबनान में युद्धविराम वाले आर्टिकल 1 को लेकर। उन्होंने यह भी साफ किया कि दोहा में अमेरिका के साथ कोई हाई-लेवल मीटिंग नहीं हुई है, बल्कि केवल एक टेक्निकल टीम इस पर चर्चा करने जाएगी।
  • 28 जून 2026: विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता इस्माइल बग़ाई ने जोर देकर कहा कि अगर इलाके में स्थिरता चाहिए, तो इसराइल को अपनी सैन्य कार्रवाई रोकनी होगी। उन्होंने वाशिंगटन से मांग की कि वह इसराइल के लिए वापसी का समय तय करे।
  • 27 जून 2026: ईरानी विदेश मंत्रालय ने अमेरिकी सेना के हवाई हमलों और इसराइल के लेबनान हमलों की कड़ी निंदा करते हुए इन्हें आर्टिकल 1 का उल्लंघन बताया।
  • 21 जून 2026: इस्माइल बग़ाई ने चेतावनी दी कि इसराइल के हमलों की वजह से अमेरिका और ईरान के बीच का यह समझौता खतरे में पड़ सकता है।
  • 18 जून 2026: प्रवक्ता ने साफ कहा कि अगर इसराइल दक्षिणी लेबनान में टिका रहा, तो इस समझौते का कोई मतलब नहीं रह जाएगा और इसे रद्द माना जाएगा।

ताज़ा जानकारी के मुताबिक, 29 जून 2026 को भी इसराइली सेना ने दक्षिणी लेबनान में नए हमले किए। ईरान इसे समझौते का बड़ा उल्लंघन मान रहा है। इसी वजह से 30 जून को ईरान ने अपनी एक टेक्निकल टीम को दोहा भेजने का फैसला किया है ताकि समझौते को लागू करने के स्तर पर बातचीत की जा सके।

Praggya Singh sabal

Journalist from Noida. Covering Delhi, NCR and National Updates.