ईरान और अमेरिका के बीच चल रही जंग को खत्म करने के लिए पाकिस्तान की कोशिशें तेज़ हो गई हैं. पाकिस्तान ने दोनों देशों के सामने एक शांति प्रस्ताव रखा है जिस पर ईरान ने अपना जवाब दे दिया है. 6 अप्रैल 2026 को ईरान के विदेश मंत्रालय ने साफ किया कि वे बातचीत के लिए तैयार हैं लेकिन किसी भी धमकी के आगे नहीं झुकेंगे. अमेरिका के राष्ट्रपति Donald Trump ने 7 अप्रैल तक का समय दिया है जिसके बाद हालात और बिगड़ सकते हैं.

पाकिस्तान के शांति प्रस्ताव में क्या क्या शामिल है?

पाकिस्तान ने इस जंग को रोकने के लिए दो चरणों वाला प्लान तैयार किया है. पाकिस्तान के विदेश विभाग ने इसकी पुष्टि की है कि वे शांति के लिए लगातार प्रयास कर रहे हैं. इस प्रस्ताव की मुख्य बातें नीचे दी गई हैं:

  • पहले चरण में 45 दिनों के लिए तुरंत युद्ध रोकने का प्रस्ताव है.
  • इस दौरान Strait of Hormuz को जहाजों के लिए फिर से खोलने की योजना है.
  • दूसरे चरण में 15 से 20 दिनों के भीतर एक स्थाई समझौते पर बातचीत होगी.
  • पाकिस्तान इस पूरी बातचीत की मेजबानी करने के लिए तैयार है.
  • Field Marshal Asim Munir लगातार अमेरिका और ईरान के अधिकारियों से बात कर रहे हैं.

ईरान की शर्तें और ट्रंप की आखिरी चेतावनी क्या है?

ईरान ने साफ कर दिया है कि वह सिर्फ थोड़े समय के लिए Strait of Hormuz नहीं खोलेगा. ईरान का कहना है कि जब तक अमेरिका स्थाई शांति के लिए तैयार नहीं होता तब तक रास्ता खोलना मुश्किल है. वहीं राष्ट्रपति Donald Trump ने धमकी दी है कि अगर मंगलवार रात तक समझौता नहीं हुआ तो वे ईरान के बिजली घरों और अन्य जरूरी नागरिक सुविधाओं पर हमला कर सकते हैं. हालांकि ईरान ने भारत, पाकिस्तान, तुर्की और फ्रांस जैसे दोस्त देशों के जहाजों को सुरक्षा फीस लेकर रास्ता देने की अनुमति देने की बात कही है. इस बीच यूरोपीय संघ ने भी अपील की है कि ऊर्जा ठिकानों पर हमला करना गलत है और बातचीत से हल निकलना चाहिए.

Aanya

Aanya is Ex IndiaTV Journalist. She covers Expats oriented news, views and interviews With deep understanding of what Hindi Speaking people needs as updates in daily life to avoid fines, comply rules and stay updated.