Iran News: ईरान के संसद स्पीकर का बड़ा बयान, कहा- पड़ोसी देश चाहते हैं स्वतंत्र सुरक्षा और व्यापारिक रिश्ते

ईरान की संसद के स्पीकर और मुख्य वार्ताकार Mohammad Bagher Ghalibaf ने 22 अगस्त 2026 को यह बड़ा ऐलान किया कि तेहरान को पड़ोसी देशों से कई संदेश मिले हैं। इन संदेशوں में क्षेत्रीय देशों ने नई सुरक्षा व्यवस्था विकसित करने और आपसी आर्थिक सहयोग को बढ़ाने में गहरी रुचि दिखाई है। Mohammad Bagher Ghalibaf ने साफ तौर पर कहा कि क्षेत्रीय देश अब अमेरिका और बाहरी ताकतों के दखल से दूर एक स्वतंत्र और घरेलू सुरक्षा व्यवस्था चाहते हैं। उनका आरोप है कि अमेरिका ने हमेशा इजरायल के हितों को आगे रखा है, जिससे उसके अपने सहयोगियों की सुरक्षा खतरे में पड़ी है और पूरे इलाके में अस्थिरता का माहौल पैदा हुआ है।
इराक के साथ आर्थिक सहयोग और स्ट्रेट ऑफ होरमुज पर चर्चा
यह बयान ऐसे समय में आया है जब Mohammad Bagher Ghalibaf ने 21 अगस्त 2026 को इराक का एक महत्वपूर्ण कूटनीतिक दौरा किया था। इस दौरे के दौरान उन्होंने अमेरिका और इजरायल की तरफ से थोपे जा रहे अन्यायपूर्ण प्रतिबंधों और आर्थिक युद्ध का मिलकर मुकाबला करने के लिए आपसी व्यापार और आर्थिक संबंधों को मजबूत करने की वकालत की। इराक के राष्ट्रपति Nizar Amidi ने इस बातचीत में स्पष्ट किया कि बगदाद अपनी ज़मीन का इस्तेमाल किसी भी अन्य देश के खिलाफ हमलों के लिए नहीं होने देगा। इसके अलावा, होरमुज जलडमरूमध्य यानी Strait of Hormuz से Iraqi तेल टैंकरों की आवाजाही को लेकर भी गंभीर चर्चा हुई, जिसके बाद ईरान ने इराकी टैंकरों को इस रास्ते से गुजरने की अनुमति दे दी है और इस पर अभी बातचीत का दौर जारी है।
अमेरिकी प्रतिबंधों पर ईरान का कड़ा रुख
अमेरिकी राष्ट्रपति Donald Trump, ट्रेजरी सचिव Scott Bessent और उपराष्ट्रपति JD Vance जैसे बड़े अमेरिकी अधिकारियों की तरफ से हाल ही में कड़े प्रतिबंधों की चेतावनी दी गई थी। इन चेतावनियों के जवाब में ईरानी नेतृत्व ने पूरी तरह से सख्त रुख अपनाया है। ईरान के विदेश मंत्री Abbas Araghchi ने इन धमकियों को आर्थिक आतंकवाद की एक नाकाम नीति करार दिया है। वहीं, विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता Esmaeil Baghaei ने नए अमेरिकी प्रतिबंधों को सभी सरकारों के खिलाफ युद्ध की घोषणा बताया है। इन तमाम भू-राजनीतिक तनावों और दबाव के बीच, ईरान के राष्ट्रपति Masoud Pezeshkian ने 21 अगस्त 2026 को यह स्वीकार किया कि हालांकि ईरान आज पूरी मजबूती की स्थिति में खड़ा है, फिर भी देश को भविष्य में आने वाली आर्थिक कठिनाइयों और चुनौतियों का सामना करने के लिए पूरी तरह तैयार रहना होगा। इस पूरी खबर के बारे में विस्तार से पढ़ने के लिए आप ANI News पर जा सकते हैं।