ईरान के Pasteur Institute पर हमला, स्वास्थ्य मंत्री ने बताया अंतरराष्ट्रीय तबाही, अमेरिका और इसराइल पर लगाया आरोप

ईरान के मशहूर Pasteur Institute पर हुए हमले ने पूरी दुनिया में चिंता बढ़ा दी है। ईरान के स्वास्थ्य मंत्री ने इस घटना को एक अंतरराष्ट्रीय तबाही करार दिया है। ईरान सरकार का कहना है कि यह हमला अमेरिका और इसराइल ने मिलकर किया है, जिससे स्वास्थ्य सेवाओं और लैब को भारी नुकसान पहुँचा है।

Pasteur Institute पर हमले में क्या हुआ?

यह हमला 2 अप्रैल 2026 को हुआ था। ईरान का दावा है कि अमेरिका और इसराइल की मिसाइलों ने संस्थान की वैक्सीन बनाने वाली लैब को पूरी तरह बर्बाद कर दिया। राष्ट्रपति Masoud Pezeshkian ने इसे मानवता के खिलाफ अपराध बताया है। उन्होंने WHO और रेड क्रॉस जैसे संगठनों से इस मामले में तुरंत जवाब देने की मांग की है।

WHO और अंतरराष्ट्रीय संस्थाओं की क्या राय है?

WHO के चीफ Tedros Adhanom Ghebreyesus ने जानकारी दी कि 1 मार्च 2026 से ईरान में स्वास्थ्य केंद्रों पर 20 से ज्यादा हमले हुए हैं, जिनमें कम से कम 9 लोगों की मौत हुई है। International Pasteur Network ने भी चेतावनी दी है कि इस हमले से पूरे इलाके में बीमारियों की निगरानी और इलाज पर बुरा असर पड़ेगा। हालांकि, ISNA न्यूज एजेंसी ने खबर दी है कि वैक्सीन का काम अभी भी जारी है और किसी कर्मचारी को चोट नहीं आई है।

नाम/संस्था मुख्य बयान या जानकारी
स्वास्थ्य मंत्री हमले को अंतरराष्ट्रीय तबाही बताया
Esmaeil Baqaei इसे बर्बर हमला और युद्ध अपराध कहा
Masoud Pezeshkian इसे मानवता के खिलाफ अपराध बताया
WHO चीफ मार्च से 20 स्वास्थ्य केंद्रों पर हमले की पुष्टि की
International Pasteur Network क्षेत्रीय स्वास्थ्य सुरक्षा पर खतरे की चेतावनी दी
ISNA एजेंसी वैक्सीन उत्पादन जारी होने की जानकारी दी