खाड़ी देशों में चल रहे तनाव के बीच एक अहम खबर सामने आई है. ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अरागची ने कहा है कि उनका देश युद्ध रोकने के प्रस्तावों पर विचार करने के लिए तैयार है. इसके लिए कतर, सऊदी अरब, ओमान और UAE जैसे पड़ोसी देशों की मध्यस्थता का सहारा लिया जा सकता है. इससे खाड़ी देशों में रहने वाले लाखों प्रवासियों और भारतीयों को भविष्य में बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है.

क्या है ईरान का नया रुख?

ईरान के विदेश मंत्री ने स्पष्ट किया है कि वे शांति वार्ता और युद्ध रोकने के सुझावों को पढ़ने और समझने के लिए तैयार हैं. वर्तमान में अमेरिका, ईरान और इजरायल के बीच चल रहे तनाव के कारण पूरे खाड़ी क्षेत्र में अशांति का माहौल है. ऐसे में पड़ोसी देशों के माध्यम से बातचीत का रास्ता निकालने की कोशिश की जा रही है. इसके साथ ही हमलों की जांच के लिए संयुक्त समितियां बनाने पर भी विचार किया जा रहा है.

प्रवासियों और भारतीयों पर क्या होगा असर?

खाड़ी देशों में बड़ी संख्या में भारतीय और अन्य प्रवासी काम करते हैं. युद्ध और हमलों की स्थिति में Flight रद्द होने और सुरक्षा का खतरा बना रहता है. ईरान और पड़ोसी देशों के बीच अगर शांति वार्ता आगे बढ़ती है, तो दुबई, सऊदी अरब और ओमान में काम करने वालों के लिए यह राहत की बात होगी. इससे क्षेत्रीय सुरक्षा मजबूत होगी और वहां रहने वाले आम लोगों का जीवन सामान्य रूप से चल सकेगा.

Praggya Singh sabal

Journalist from Noida. Covering Delhi, NCR and National Updates.