ईरान के राष्ट्रपति Masoud Pezeshkian ने दुनिया को शांति का संदेश दिया है। उन्होंने साफ़ कहा है कि युद्ध से किसी का भला नहीं होता और तनाव कम करने के लिए बातचीत ही सबसे अच्छा तरीका है। मौजूदा हालात में वे कूटनीति के ज़रिए मसलों को सुलझाना चाहते हैं ताकि आम लोगों को मुश्किलों का सामना न करना पड़े।
अमेरिका के साथ बातचीत और युद्धविराम का क्या हाल है?
राष्ट्रपति Pezeshkian ने कहा कि अमेरिका के साथ तनाव कम करने के लिए हर समझदारी भरा रास्ता अपनाया जाना चाहिए। हालांकि, उन्होंने वाशिंगटन के साथ बातचीत में सावधानी बरतने और अविश्वास की बात भी कही है। ईरान और अमेरिका के बीच चल रहा दो हफ्ते का युद्धविराम इस बुधवार को खत्म होने वाला है। अमेरिकी प्रतिनिधिमंडल सोमवार को इस्लामाबाद पहुँचने वाला है, लेकिन ईरान ने अभी तक अपनी टीम भेजने की पुष्टि नहीं की है।
परमाणु अधिकार और राष्ट्रीय सुरक्षा पर ईरान का रुख
ईरान ने साफ़ कर दिया है कि उसके परमाणु अधिकारों को कोई नहीं छीन सकता। राष्ट्रपति ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के उस दावे को गलत बताया जिसमें कहा गया था कि अमेरिका ईरान की परमाणु गतिविधियों को कंट्रोल करेगा। उन्होंने कहा कि ईरान का सैन्य अभियान सिर्फ आत्मरक्षा के लिए है और उनका किसी दूसरे देश पर हमला करने का कोई इरादा नहीं है। साथ ही, उन्होंने Strait of Hormuz में जहाजों के सुरक्षित रास्ते को सुनिश्चित करने का भरोसा दिलाया है।
बातचीत और मौजूदा घटनाक्रम की मुख्य जानकारी
| तारीख/विषय | मुख्य जानकारी |
|---|---|
| 20 अप्रैल, 2026 | अमेरिका के साथ कूटनीतिक रास्ते अपनाने की बात कही गई |
| 19 अप्रैल, 2026 | गरिमा के साथ युद्ध खत्म करने और परमाणु अधिकारों पर ज़ोर दिया गया |
| युद्धविराम | दो सप्ताह का युद्धविराम इस बुधवार को समाप्त होगा |
| प्रतिनिधिमंडल | अमेरिकी टीम सोमवार को इस्लामाबाद पहुँचेगी |
| मध्यस्थ देश | पाकिस्तान शांति वार्ता में बीच का रास्ता निकालने में मदद कर रहा है |
| अंतर्राष्ट्रीय संपर्क | फ्रांस के राष्ट्रपति और यूरोपीय परिषद के अध्यक्ष से फोन पर बात हुई |
