ईरान के राष्ट्रपति Masoud Pezeshkian मंगलवार को पाकिस्तान के एक दिवसीय दौरे पर आ रहे हैं। अमेरिका और ईरान के बीच हुए शांति समझौते के बाद यह उनकी पहली विदेश यात्रा है। इस दौरे को लेकर पाकिस्तान के विदेश मंत्रालय ने इसे राजनयिक संबंधों को मजबूत करने का एक बड़ा मौका बताया है।
राष्ट्रपति Pezeshkian अपनी इस यात्रा के दौरान पाकिस्तान के राष्ट्रपति Asif Ali Zardari और प्रधानमंत्री Shehbaz Sharif से मुलाकात करेंगे। इस दौरे का एक मुख्य उद्देश्य प्रधानमंत्री Shehbaz Sharif का शुक्रिया अदा करना है, जिन्होंने स्विट्जरलैंड में अमेरिका और ईरान के बीच बातचीत कराने में अहम मध्यस्थता की थी।
ईरान और अमेरिका के बीच हुआ शांति समझौता
हाल ही में अमेरिकी राष्ट्रपति Donald Trump और ईरान के राष्ट्रपति Masoud Pezeshkian के बीच एक समझौता हुआ है। 17 जून 2026 को इस एमओयू (MOU) पर हस्ताक्षर किए गए, जिसका मकसद दोनों देशों के बीच चल रहे टकराव को खत्म करना है। इस डील के तहत कुछ प्रमुख बातें तय हुई हैं:
- ईरान ने तुरंत Strait of Hormuz को फिर से खोलने पर सहमति जताई है।
- अमेरिका ने ईरान पर लगाई गई अपनी नौसैनिक नाकेबंदी को तुरंत हटाने का वादा किया है।
- अगले दो महीनों तक बातचीत होगी ताकि एक फाइनल डील तैयार की जा सके।
- ईरान अपने यूरेनियम के स्टॉक को कम करेगा, जिसकी निगरानी IAEA करेगा।
- शर्तों के पूरा होने पर अमेरिका ईरान पर लगे सभी प्रतिबंध हटाएगा और उसके फ्रीज किए गए पैसे वापस करेगा।
- अमेरिका और उसके साथी देश ईरान के पुनर्निर्माण और आर्थिक विकास के लिए करीब 300 अरब डॉलर का फंड तैयार करेंगे।
- लेबनान समेत सभी मोर्चों पर सैन्य ऑपरेशन को तुरंत रोकने का फैसला लिया गया है।
पाकिस्तान के प्रधानमंत्री Shehbaz Sharif ने जानकारी दी कि यह समझौता तुरंत लागू होगा। ईरान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता Esmaeil Baqaei ने भी इस दस्तावेज के फाइनल होने की पुष्टि की है। स्विट्जरलैंड ने भी इस पूरी प्रक्रिया में हुए सकारात्मक काम की तारीफ की है।
