ईरान के राष्ट्रपति Masoud Pezeshkian मंगलवार, 23 जून 2026 को पाकिस्तान के एक दिवसीय आधिकारिक दौरे पर पहुंचेंगे। राष्ट्रपति बनने के बाद यह उनकी पहली विदेश यात्रा है। यह दौरा खास तौर पर इसलिए अहम है क्योंकि फरवरी के आखिर में अमेरिका, इजराइल और ईरान के बीच तनाव शुरू होने के बाद यह उनका पहला अंतरराष्ट्रीय दौरा है।
ईरान के राष्ट्रपति कार्यालय के जनसंपर्क महानिदेशक Habib Abbasi और इस्लामाबाद के सरकारी सूत्रों ने इस दौरे की पुष्टि की है। इस यात्रा के दौरान वह पाकिस्तान के राष्ट्रपति Asif Ali Zardari और प्रधानमंत्री Shehbaz Sharif से मुलाकात करेंगे।
दौरे का मुख्य उद्देश्य
इस यात्रा का मुख्य मकसद दोनों देशों के बीच पुराने समझौतों को पूरा करना और व्यापारिक रिश्तों को और बेहतर बनाना है। राष्ट्रपति Pezeshkian अमेरिका और ईरान के बीच बातचीत करवाने में पाकिस्तान की मदद के लिए शुक्रिया अदा करेंगे। बैठक में स्विट्जरलैंड में हुए Lake Lucerne Summit की चर्चा भी होगी।
दोनों देशों के बीच संबंधों को मजबूत करने के लिए कई अहम कदम उठाए गए हैं:
- 8 अप्रैल को अमेरिका और ईरान के बीच युद्धविराम के बाद इस्लामाबाद में एक समझौता (MoU) हुआ था।
- लेक लुसर्न समिट में अमेरिका, ईरान, पाकिस्तान और कतर ने हिस्सा लिया था, जहां 60 दिनों का एक रोडमैप तैयार किया गया।
- परमाणु मुद्दों, प्रतिबंधों और विवादों को सुलझाने के लिए एक हाई-लेवल कमेटी बनाई गई है।
- हॉर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) में जहाजों को लेकर गलतफहमी न हो, इसके लिए एक सीधा संपर्क लाइन शुरू की गई है।
- लेबनान में सैन्य अभियानों को रोकने के लिए एक डी-कॉन्फ्लिक्शन सेल पर भी सहमति बनी है।
इससे पहले 18 जून 2026 को राष्ट्रपति Pezeshkian और प्रधानमंत्री Shehbaz Sharif के बीच फोन पर बात हुई थी। उस दौरान दोनों नेताओं ने शांति, सुरक्षा और रणनीतिक संबंधों को और मजबूत करने पर जोर दिया था। स्विट्जरलैंड ने भी इस पूरी प्रक्रिया में मदद की है ताकि क्षेत्र में तनाव कम हो सके।
