ईरान के राष्ट्रपति पेजेशकियन का बड़ा बयान, कहा शांति और इस्लामाबाद समझौता हमारी सबसे बड़ी प्राथमिकता

तेहरान में 25 अगस्त 2026 को ईरान के राष्ट्रपति Masoud Pezeshkian ने साफ कर दिया है कि देश में चल रहे संघर्ष को खत्म करना और राष्ट्रीय एकता को बनाए रखना उनकी सरकार की सबसे बड़ी प्राथमिकता है। उन्होंने कहा कि हाल ही में साइन किया गया इस्लामाबाद समझौता किसी के सामने झुकने का नतीजा नहीं है, बल्कि इसे पूरी समझदारी और सोच-समझकर तैयार किया गया है।
पाकिस्तान के सेना प्रमुख से हुई अहम मुलाकात
तेहरान में पाकिस्तान के सेना प्रमुख Field Marshal Asim Munir और ईरान के राष्ट्रपति के बीच एक अहम बैठक हुई। इस दौरान राष्ट्रपति पेजेशकियन ने क्षेत्रीय शांति, सुरक्षा और पड़ोसी देशों के साथ आपसी रिश्तों को मजबूत करने पर जोर दिया। उन्होंने अमेरिका और राष्ट्रपति Donald Trump को यह चेतावनी भी दी कि धमकियां देने से कूटनीतिक रास्तों में रुकावट आती है और समझौतों को लागू करने में मुश्किलें पैदा होती हैं। उन्होंने अमेरिका से अंतरराष्ट्रीय कानूनों का सम्मान करने की बात कही।
आंतरिक एकता और क्षेत्रीय सुरक्षा पर जोर
राष्ट्रपति ने देश के लोगों को संबोधित करते हुए कहा कि बाहरी दबावों का सामना करने के लिए देश के भीतर मजबूती और एकता होना बहुत जरूरी है। इस्लामी देशों का एक साथ आना ही बाहरी ताकतों और विरोधियों से मुकाबला करने की असली ताकत है। उन्होंने उम्मीद जताई कि तेहरान और इस्लामाबाद मिलकर काम करेंगे जिससे 14-सूत्रीय समझौते के लक्ष्यों को आसानी से पूरा किया जा सके। इससे पहले 23 अगस्त 2026 को भी उन्होंने जून महीने में अमेरिका के साथ हुए समझौते का समर्थन किया था।
तेहरान में उच्च स्तरीय बैठकों का दौर
ईरान की राजधानी तेहरान में दोनों देशों के बीच लगातार उच्च स्तरीय बैठकें चल रही हैं। इस प्रतिनिधिमंडल में पाकिस्तान की तरफ से फील्ड मार्शल मुनीर के अलावा इंटीरियर मिनिस्टर Mohsin Naqvi भी शामिल रहे। वहीं ईरान की ओर से पार्लियामेंट्री स्पीकर Mohammad Bagher Ghalibaf, फॉरेन मिनिस्टर Abbas Araghchi और नेशनल सिक्योरिटी काउंसिल के मेंबर Mohsen Rezaei ने हिस्सा लिया। इन बैठकों का मुख्य उद्देश्य युद्ध को बढ़ने से रोकना, होर्मुज जलडमरूमध्य को दोबारा खोलना और चल रहे विवाद का जल्द से जल्द समाधान निकालना है। स्पीकर गालिबफ ने अमेरिका द्वारा बार-बार वादे तोड़ने का मुद्दा उठाया और ईरान की प्रतिबद्धता को दोहराया। पाकिस्तानी मंत्री मोहसिन नकवी ने उम्मीद जताई कि इस बातचीत से क्षेत्र में स्थायी शांति आएगी, क्योंकि फील्ड मार्शल मुनीर ईरान आने से पहले अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप से भी चर्चा कर चुके हैं।