ईरान के राष्ट्रपति Masoud Pezeshkian ने एक बड़ा दावा किया है। उन्होंने कहा कि 12 दिन तक चली जंग में ईरान की एकता ने दुश्मन को ceasefire यानी युद्धविराम मांगने पर मजबूर कर दिया। IRNA News Agency द्वारा 13 जून 2026 को जारी एक बयान में उन्होंने देश की एकजुटता की तारीफ की है।

12 दिन की जंग और राष्ट्रीय एकता

राष्ट्रपति Pezeshkian ने बताया कि यह 12 दिन की जंग जून 2025 में Israeli regime द्वारा शुरू की गई थी। उन्होंने कहा कि इस मुश्किल वक्त में अलग-अलग राजनीतिक सोच और बैकग्राउंड वाले सभी ईरानी लोग देश की रक्षा के लिए एक साथ आए। इसी एकता की वजह से दुश्मन को पीछे हटना पड़ा। इससे पहले 24 जून 2025 को भी उन्होंने इस युद्ध के खत्म होने की जानकारी दी थी।

बातचीत और कूटनीति पर जोर

10 जून 2026 को दिए गए अपने बयानों में राष्ट्रपति ने कहा कि ईरान अब “न युद्ध, न शांति” वाली लंबी स्थिति से बाहर निकलना चाहता है। उन्होंने बताया कि सुप्रीम लीडर Ayatollah Ali Khamenei ने विवाद को सुलझाने के लिए बातचीत और चर्चा की अनुमति दी है।

  • सैन्य टकराव: राष्ट्रपति ने कहा कि सैन्य लड़ाई ईरान के हित में नहीं है।
  • दबाव का सामना: उन्होंने साफ किया कि बाहरी दबाव के आगे ईरान झुकने वाला नहीं है।
  • हमलों की निंदा: उन्होंने अमेरिका और इसराइल द्वारा ईरानी कमांडरों की हत्या को पूरी तरह गलत बताया है।