ईरान ने पश्चिम एशिया में सुरक्षा की नई व्यवस्था स्थापित करने के लिए एक बड़ा और सकारात्मक कदम उठाने की इच्छा जताई है। रूस के मॉस्को में आयोजित एक वैश्विक सम्मेलन में ईरान के वरिष्ठ सुरक्षा अधिकारी ने साफ किया कि उनका देश क्षेत्र में शांति, विकास और स्थिरता के लिए सभी जिम्मेदार देशों के साथ बातचीत करने को तैयार है। ईरान का मानना है कि क्षेत्र की सुरक्षा में बाहरी ताकतों का कोई हस्तक्षेप नहीं होना चाहिए।
ईरान के सुरक्षा अधिकारी ने मॉस्को में क्या कहा?
ईरान की सुप्रीम नेशनल सिक्योरिटी काउंसिल के डिप्टी सेक्रेटरी अली बाघेरी-कनी ने मॉस्को में आयोजित 14वीं अंतरराष्ट्रीय सुरक्षा बैठक के दौरान यह बड़ा बयान दिया। इस बैठक में दुनिया के 120 से अधिक देशों के वरिष्ठ सुरक्षा प्रतिनिधियों ने हिस्सा लिया। अली बाघेरी-कनी ने कहा कि ईरान फारस की खाड़ी सहित पूरे पश्चिम एशिया में संकट के मूल कारणों को खत्म करने और युद्ध व अस्थिरता को रोकने के लिए एक नए सुरक्षा समीकरण पर काम करने को तैयार है।
सुरक्षा को लेकर ईरान की क्या है नई नीति?
ईरान का मानना है कि आपसी सहयोग और सुरक्षा पर ध्यान केंद्रित करके ही सभी देशों के जायज हितों की रक्षा की जा सकती है। ईरान द्वारा प्रस्तावित नया सुरक्षा ढांचा पूरी तरह से क्षेत्रीय स्वतंत्रता और बाहरी ताकतों के हस्तक्षेप के बिना तैयार किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि ईरान अपने मार्गदर्शक आयतुल्लाह सैयद अली खामेनेई के सिद्धांतों पर चलते हुए एकता, स्वतंत्रता और प्रतिरोध के रास्ते को अपनाता है और किसी भी बाहरी वर्चस्व को स्वीकार नहीं करता है।
अमेरिका और इसराइल पर ईरान ने लगाए गंभीर आरोप
ईरानी सुरक्षा अधिकारी ने अपने संबोधन में अमेरिका और इसराइल पर तीखा हमला बोला। उन्होंने आरोप लगाया कि ये दोनों शासन मिलकर पश्चिम एशिया में संकट के असली कारणों को छुपा रहे हैं। उन्होंने कहा कि साजिश के तहत फिलिस्तीन के मुद्दे और वहां के लोगों के अधिकारों को क्षेत्रीय एजेंडे से हटाने की कोशिश की जा रही है। इसके साथ ही उन्होंने ‘फिरौन समझौतों’ को भी क्षेत्र में असुरक्षा और अस्थिरता बढ़ाने का मुख्य कारण बताया।
Frequently Asked Questions (FAQs)
ईरान ने सुरक्षा वार्ता का यह प्रस्ताव कब और कहां दिया?
ईरान के सुप्रीम नेशनल सिक्योरिटी काउंसिल के डिप्टी सेक्रेटरी अली बाघेरी-कनी ने यह बयान 28 मई 2026 को रूस के मॉस्को में आयोजित 14वीं अंतरराष्ट्रीय सुरक्षा बैठक में दिया था।
ईरान के अनुसार पश्चिम एशिया में असुरक्षा का मुख्य कारण क्या है?
ईरान के अनुसार, अमेरिका और इसराइल द्वारा फिलिस्तीन के मुद्दे को दबाना, बाहरी ताकतों का हस्तक्षेप और ‘फिरौन समझौते’ ही क्षेत्र में अस्थिरता और असुरक्षा के मुख्य कारण हैं।