मिडिल ईस्ट में तनाव एक बार फिर चरम पर पहुंच गया है। अमेरिका की ओर से ईरान पर किए गए हमलों के बाद ईरानी रिवोल्यूशनरी गार्ड (IRGC) ने बड़ी चेतावनी दी है। ईरान ने साफ कहा है कि वह अमेरिकी हमले का तुरंत और सीधे तौर पर जवाब देगा। इससे पहले अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने दावा किया था कि ईरान ने उनके एक सैन्य हेलीकॉप्टर को मार गिराया है, जिसके बाद अमेरिका ने रक्षात्मक हमले शुरू कर दिए।

📰: ईरान के कई शहरों में गूंजे जोरदार धमाके, इसराइल के हमले से भारी तबाही और अमेरिका का हेलीकॉप्टर भी मार गिराया

आखिर क्यों शुरू हुआ अमेरिका और ईरान के बीच यह नया विवाद?

इस ताज़ा विवाद की शुरुआत 8 जून 2026 को हुई, जब स्ट्रेट ऑफ होर्मुज (Strait of Hormuz) के पास अमेरिका का एक अपाचे (Apache) हेलीकॉप्टर क्रैश हो गया। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने दावा किया कि इस हेलीकॉप्टर को ईरान ने मार गिराया था। इसी के जवाब में अमेरिकी सेंट्रल कमांड (CENTCOM) ने 9 जून को शाम 5 बजे ईरान पर जवाबी और रक्षात्मक हमले शुरू कर दिए। हालांकि, ईरानी मीडिया ने इन आरोपों को खारिज करते हुए कहा है कि उनकी तरफ से ऐसी कोई हवाई सैन्य कार्रवाई नहीं की गई थी।

ईरानी रिवोल्यूशनरी गार्ड और अधिकारियों ने क्या चेतावनी दी है?

अमेरिकी हमलों के तुरंत बाद ईरानी रिवोल्यूशनरी गार्ड (IRGC) ने बयान जारी कर कहा कि वे इस हमले का तुरंत जवाब देंगे। ईरान के विदेश मंत्री सैयद अराक्शची ने भी क्षेत्र में मौजूद विदेशी सेनाओं को चेतावनी दी है कि वे तुरंत वहां से चले जाएं क्योंकि वे हमेशा खतरे में रहेंगे। उन्होंने कहा कि ईरान कूटनीति की भाषा पसंद करता है लेकिन वह दूसरी भाषाएं बोलना भी अच्छी तरह जानता है। ईरान की संसद के अध्यक्ष मोहम्मद बागेर कलीबाफ ने भी इस बात को दोहराया है कि किसी भी समझौते के उल्लंघन पर कड़ी प्रतिक्रिया दी जाएगी।

इस पूरे मामले पर संयुक्त राष्ट्र और सुरक्षा व्यवस्था की क्या स्थिति है?

इस बढ़ते तनाव को देखते हुए संयुक्त राष्ट्र (UN) के महासचिव एंटोनियो गुटेरेस ने गहरी चिंता जताई है। उन्होंने दोनों पक्षों से तुरंत हमले रोकने और शांति बनाए रखने की अपील की है। दूसरी ओर, अमेरिकी अधिकारियों ने बताया कि हेलीकॉप्टर के दोनों पायलटों को सुरक्षित बचा लिया गया है। इस रेस्क्यू ऑपरेशन को अमेरिकी नौसेना के एक समुद्री ड्रोन की मदद से अंजाम दिया गया। फिलहाल इस पूरे मामले की जांच चल रही है और खाड़ी देशों में सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत किया जा रहा है।

Frequently Asked Questions (FAQs)

अमेरिका ने ईरान पर हमले क्यों किए?

अमेरिका ने यह हमले अपने एक अपाचे हेलीकॉप्टर के क्रैश होने के बाद किए हैं। अमेरिकी राष्ट्रपति का दावा है कि ईरान ने उनके हेलीकॉप्टर को निशाना बनाया था, जिसके जवाब में अमेरिका ने रक्षात्मक हमले शुरू किए।

हेलीकॉप्टर क्रैश मामले पर ईरान का क्या कहना है?

ईरान के सरकारी मीडिया ने इन दावों को खारिज किया है। उनका कहना है कि पिछले 24 घंटों में स्ट्रेट ऑफ होर्मुज क्षेत्र में ईरान की तरफ से कोई भी हवाई सैन्य अभियान नहीं चलाया गया था।

Sushma Kumari

Shushma covers Stories Around Expats and Helpful Contents Related to Daily life of Public. She completed Mass Communication Degree From Makhan lal Chaturvedi College Bhopal and Has 3 years of Field Experience. Earlier She Worked with Jagran Media Patna Office and Now Working with GulfHindi.com