ईरान के केंद्रीय बैंक के चीफ Abdolnaser Hemmati के नेतृत्व में एक खास टीम रूस की राजधानी मॉस्को पहुंची है. यह टीम दोनों देशों के बीच पैसों के लेनदेन और बैंकिंग सिस्टम को बेहतर बनाने पर चर्चा करेगी. इस मुलाकात से ईरान और रूस के आर्थिक रिश्तों में बड़ी मजबूती आने की उम्मीद है.
बैंकिंग संबंधों पर होगी चर्चा
Fars news agency और Al Jazeera English की रिपोर्ट के मुताबिक, यह प्रतिनिधिमंडल 16 जून 2026 को मॉस्को के लिए रवाना हुआ. इस यात्रा का मुख्य मकसद व्यापार को आसान बनाना और दोनों देशों के केंद्रीय बैंकों के बीच सहयोग को बढ़ावा देना है. दोनों देश अब ऐसे तरीके खोज रहे हैं जिससे आर्थिक लेनदेन की मात्रा को बढ़ाया जा सके.
करेंसी और पेमेंट सिस्टम में बदलाव
ईरान और रूस अब अपने व्यापार के लिए अमेरिकी डॉलर के बजाय अपनी स्थानीय करेंसी यानी रूबल और रियाल का इस्तेमाल करने पर जोर दे रहे हैं. इसके साथ ही रूस के Mir Card नेटवर्क को ईरान के SHETAB बैंकिंग नेटवर्क से जोड़ने का काम भी चल रहा है. इससे दोनों देशों के बीच वित्तीय लेनदेन काफी आसान हो जाएगा.
जरूरी जानकारी एक नजर में
| विवरण | जानकारी |
|---|---|
| रवानगी की तारीख | 16 जून 2026 |
| प्रतिनिधिमंडल के प्रमुख | Abdolnaser Hemmati (सेंट्रल बैंक चीफ) |
| गंतव्य स्थान | मॉस्को, रूस |
| मुख्य उद्देश्य | मौद्रिक और बैंकिंग संबंधों में सुधार |
| पेमेंट सिस्टम | Mir Card और SHETAB नेटवर्क का कनेक्शन |
| प्रस्तावित करेंसी | रूबल और रियाल |
| अतिरिक्त लाभ | यात्रियों के लिए पेमेंट प्रक्रिया आसान बनाना |
दोनों देशों ने इस बात पर जोर दिया है कि यात्रियों के लिए पैसों का लेनदेन सरल बनाया जाए. 14 जून 2026 को भी इस बात पर चर्चा हुई थी कि Shetab नेटवर्क और Mir पेमेंट सिस्टम को पूरी तरह लागू किया जाए ताकि व्यापार और यात्रा दोनों में आसानी हो.