ईरान के विदेश मंत्री Abbas Araghchi रूस पहुंचे और वहां राष्ट्रपति Vladimir Putin से मुलाकात की। ईरान ने रूस के अटूट समर्थन के लिए शुक्रिया अदा किया है। यह मुलाकात ऐसे समय में हुई है जब अमेरिका और इसराइल के साथ तनाव बहुत बढ़ गया है और दुनिया की नजरें इस पर टिकी हैं।
रूस और ईरान के बीच किन बातों पर चर्चा हुई?
विदेश मंत्री Abbas Araghchi ने St. Petersburg में रूसी अधिकारियों से मुलाकात की। उन्होंने रूस के रणनीतिक समर्थन को बहुत मजबूत और अटल बताया। दोनों देशों ने क्षेत्रीय तनाव और अमेरिका व इसराइल के साथ चल रहे टकराव पर चर्चा की। राष्ट्रपति Vladimir Putin ने भरोसा दिलाया कि रूस मिडिल ईस्ट में शांति लाने के लिए हर संभव मदद करेगा। उन्होंने ईरान के सुप्रीम लीडर के संदेश को भी स्वीकार किया और रणनीतिक रिश्तों को जारी रखने की बात कही।
अमेरिका के साथ बातचीत में क्या रुकावट है और नया प्रस्ताव क्या है?
ईरान के विदेश मंत्री का कहना है कि अमेरिका की मांगें बहुत ज्यादा हैं और उनके तरीके गलत हैं, जिसकी वजह से बातचीत रुकी हुई है। अब ईरान ने एक नया प्रस्ताव रखा है कि अगर अमेरिका अपनी नाकेबंदी हटा ले और दुश्मनी खत्म करे, तो ईरान Strait of Hormuz को फिर से खोल देगा। परमाणु बातचीत को फिलहाल बाद के लिए टालने की बात कही गई है। यह प्रस्ताव पाकिस्तान के जरिए अमेरिका तक पहुंचाया गया है।
इस पूरी प्रक्रिया में ओमान और पाकिस्तान मध्यस्थ की भूमिका निभा रहे हैं। Araghchi ने हाल ही में ओमान का दौरा भी किया था जहां Strait of Hormuz से सुरक्षित रास्ता सुनिश्चित करने पर बात हुई। वहीं रूस के envoy Mikhail Ulyanov ने अमेरिका के रवैये की आलोचना करते हुए इसे ब्लैकमेलिंग और अल्टीमेटम जैसा बताया है।