ईरान के मिनाब शहर में युद्ध के पहले ही दिन एक स्कूल पर बड़ा हमला हुआ था। इस हमले में करीब 170 लोग मारे गए थे, जिनमें ज्यादातर स्कूली बच्चे थे। अब इस मामले में अमेरिकी सेंट्रल कमांड के कमांडर एडमिरल ब्रैड कूपर ने जिम्मेदारी लेने से इनकार कर दिया है और इसे एक जटिल जांच बताया है।

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ईरान के मिनाब शहर में स्कूल पर हमले का पूरा मामला क्या है?

यह घटना 28 फरवरी 2026 की है, जिसे युद्ध का पहला दिन माना गया। ईरान के दक्षिणी शहर Minab में एक स्कूल पर हमला हुआ था। ईरानी अधिकारियों के मुताबिक, इस हमले में 155 से 175 लोगों की जान गई, जिनमें ज्यादातर बच्चे और उनके टीचर शामिल थे। अमेरिका का कहना है कि यह स्कूल IRGC के एक एक्टिव क्रूज मिसाइल बेस पर बना हुआ था, जिसकी वजह से इस मामले की जांच काफी उलझ गई है।

अमेरिकी कमांडर एडमिरल ब्रैड कूपर ने क्या सफाई दी?

19 मई 2026 को एडमिरल Brad Cooper ने अमेरिकी हाउस आर्म्ड सर्विसेज कमेटी के सामने गवाही दी। उन्होंने कहा कि इस हमले की जांच चल रही है और यह जल्द ही पूरी हो जाएगी। हालांकि, उन्होंने अभी तक इस हमले की सीधी जिम्मेदारी लेने से मना कर दिया है। कूपर ने साफ किया कि अमेरिकी सेना जानबूझकर आम नागरिकों को निशाना नहीं बनाती है और उनका मुकाबला IRGC से है। उन्होंने जांच पूरी होने के बाद पूरी जानकारी देने का वादा किया है।

जांच में अब तक क्या बातें सामने आई हैं?

अमेरिकी कमांडर ने जिम्मेदारी नहीं ली है, लेकिन Reuters, The New York Times और CNN जैसी बड़ी मीडिया रिपोर्ट्स में कुछ अलग बातें सामने आई हैं। इन रिपोर्ट्स के मुताबिक, शुरुआती आकलन बताते हैं कि इस हमले के लिए अमेरिकी सेना ही जिम्मेदार हो सकती है और इसमें Tomahawk क्रूज मिसाइल का इस्तेमाल हुआ था। एडमिरल कूपर ने यह भी बताया कि उनके स्टाफ ने युद्ध के दौरान स्कूलों पर हुए 39 हमलों की जांच की, जिनमें से सिर्फ मिनाब के लड़कियों के स्कूल का संबंध अमेरिकी हमले से मिला।

Frequently Asked Questions (FAQs)

ईरान के स्कूल हमले में कितने लोग मारे गए?

ईरानी अधिकारियों के अनुसार, मिनाब शहर में हुए इस हमले में लगभग 155 से 175 लोग मारे गए, जिनमें ज्यादातर स्कूली बच्चे और शिक्षक थे।

अमेरिकी सेना ने इस हमले के बारे में क्या दावा किया है?

अमेरिकी सेंट्रल कमांड (CENTCOM) ने कहा है कि मामला जटिल है और इसकी जांच चल रही है। उन्होंने यह भी दावा किया कि वह स्कूल एक मिसाइल बेस पर स्थित था।