ईरान के शिराज शहर में स्थित सरकारी इलेक्ट्रॉनिक इंडस्ट्रीज कंपनी को निशाना बनाया गया है। यह कंपनी ईरान के रक्षा मंत्रालय के तहत काम करती है और रडार व ड्रोन जैसे सैन्य उपकरण बनाती है। 29 मार्च 2026 को आई रिपोर्टों के अनुसार, इजरायली और अमेरिकी सेना की ओर से ईरान के कई सैन्य ठिकानों पर हमले किए जा रहे हैं। इस घटना के बाद पूरे खाड़ी क्षेत्र में सुरक्षा को लेकर काफी हलचल देखी जा रही है।

इस हमले से जुड़ी मुख्य जानकारियां और घटनाक्रम

इजरायली सेना ने बताया है कि वे ईरान के लगभग 90 प्रतिशत सैन्य हथियार बनाने वाले ठिकानों को तबाह करने के करीब हैं। शिराज की यह कंपनी रडार और ड्रोन के लिए जरूरी इलेक्ट्रॉनिक सिस्टम बनाने वाला मुख्य केंद्र मानी जाती है। इससे पहले भी मार्च के महीने में इस कॉम्प्लेक्स पर कई बार हवाई हमले होने की खबरें आई थीं। इन हमलों की वजह से ईरान के एयर डिफेंस सिस्टम और मिसाइल स्टोरेज को काफी नुकसान पहुंचने की बात कही गई है।

खाड़ी देशों की सुरक्षा और प्रवासियों के लिए क्या है स्थिति?

ईरान के रिवोल्यूशनरी गार्ड ने इन हमलों का बदला लेने की चेतावनी दी है और यूएई व बहरीन में कुछ ठिकानों को निशाना बनाने का दावा किया है। बहरीन में एक औद्योगिक प्लांट पर हमले की पुष्टि हुई है जिसमें दो लोग मामूली रूप से घायल हुए हैं। सऊदी अरब ने भी 29 मार्च को अपने पूर्वी प्रांत में कई ड्रोन्स को हवा में ही नष्ट कर दिया है। खाड़ी देशों में रहने वाले भारतीय प्रवासियों के लिए स्थिति संवेदनशील है क्योंकि इस तनाव से भविष्य में उड़ानों और अन्य सेवाओं पर असर पड़ सकता है।

तारीख प्रमुख घटना
29 मार्च 2026 शिराज इलेक्ट्रॉनिक इंडस्ट्रीज पर हमला
28 मार्च 2026 बहरीन के औद्योगिक प्लांट पर हमला
29 मार्च 2026 सऊदी अरब द्वारा ड्रोन्स को मार गिराना
25 मार्च 2026 ईरानी सैन्य ठिकानों पर बड़ी स्ट्राइक