ईरान ने लेबनान पर हुए इसराइली हमलों की कड़े शब्दों में निंदा की है और इसे एक खतरनाक हमला करार दिया है। ईरान के विदेश मंत्रालय ने इस मामले पर अपनी तीखी प्रतिक्रिया देते हुए अंतरराष्ट्रीय संस्थाओं की चुप्पी पर सवाल उठाए हैं। लेबनान में लगातार हो रहे हमलों के कारण जान-माल का भारी नुकसान हुआ है, जिससे पूरे क्षेत्र में तनाव बहुत ज्यादा बढ़ गया है।
ईरान ने इसराइली हमलों को लेकर क्या कहा?
ईरान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता इस्माइल बगाई (Esmaeil Baghaei) ने कहा कि दक्षिणी और पूर्वी लेबनान के साथ-साथ बेरूत के दहिह इलाके पर हुए हमले बेहद गंभीर हैं। उन्होंने टायर, नबातिया और सिडोन जैसे ऐतिहासिक शहरों में इसराइली सैन्य अभियानों की निंदा की। प्रवक्ता ने कहा कि संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद की चुप्पी के कारण ही ऐसे हमलों को बढ़ावा मिल रहा है। ईरान ने अमेरिका को भी इस तबाही में बराबर का हिस्सेदार बताया है।
लेबनान में अब तक कितना हुआ नुकसान?
लेबनान के स्वास्थ्य मंत्रालय के आंकड़ों के अनुसार, मार्च से लेकर मई के आखिरी हफ्ते तक इसराइली हमलों में 3,324 लोगों की मौत हो चुकी है और 10,027 से अधिक लोग घायल हुए हैं। इसके अलावा, पिछले तीन वर्षों में फिलिस्तीन और लेबनान में 300 से अधिक पत्रकारों की भी जान जा चुकी है। अल-आलम समाचार नेटवर्क के एक वरिष्ठ संवाददाता हुसाम जैदान की भी इस हमले में मौत की खबर आई है। ईरान ने स्पष्ट किया है कि नागरिक इलाकों, अस्पतालों और डॉक्टरों को निशाना बनाना अंतरराष्ट्रीय कानूनों का गंभीर उल्लंघन है।
क्षेत्र में क्या हैं ताजा हालात?
इस बीच, क्षेत्र में अन्य मोर्चों पर भी तनाव बढ़ता जा रहा है। ईरान और अमेरिका ने एक-दूसरे पर संघर्ष विराम के उल्लंघन के आरोप लगाए हैं। हाल ही में ईरान ने हॉर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) से बिना अनुमति गुजरने वाले जहाजों पर कार्रवाई करने की बात कही है, जबकि अमेरिकी सेना ने कुछ ड्रोन को मार गिराने का दावा किया है। हिजबुल्लाह ने भी दक्षिणी लेबनान के कई इलाकों में इसराइली सैनिकों और वाहनों को निशाना बनाने की घोषणा की है। इस पूरे घटनाक्रम से स्थिति लगातार संवेदनशील बनी हुई है।
Frequently Asked Questions (FAQs)
लेबनान में इसराइली हमलों से अब तक कितना नुकसान हुआ है?
लेबनान के स्वास्थ्य मंत्रालय की रिपोर्ट के अनुसार, मार्च से मई के बीच हमलों में 3,324 लोगों की मौत हुई है और 10,027 से अधिक लोग घायल हुए हैं।
ईरान ने अमेरिका पर क्या आरोप लगाए हैं?
ईरान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ने अमेरिका को इसराइल के इन हमलों और अपराधों में बराबर का भागीदार और सहयोगी बताया है।