ईरान के संसद स्पीकर Mohammad Bagher Ghalibaf ने अमेरिका को कड़ा संदेश दिया है। उन्होंने कहा कि अमेरिका और इसराइल के साथ हुए युद्ध के बाद अब दुनिया की हकीकत बदल चुकी है और अमेरिका को इसे मानना होगा। यह बात उन्होंने उज्बेकिस्तान के संसद स्पीकर के साथ एक आधिकारिक मुलाकात के दौरान कही।
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3 जुलाई 2026 को Tehran में Mohammad Bagher Ghalibaf ने उज्बेकिस्तान के संसद स्पीकर Nuriddin Ismoilov से मुलाकात की। यह बैठक ईरान के पूर्व सुप्रीम लीडर Ayatollah Ali Khamenei के अंतिम संस्कार के मौके पर आयोजित की गई थी। इसी दिन Ghalibaf ने बेलारूस के हाउस ऑफ रिप्रेजेंटेटिव्स के चेयरमैन Igor Sergeyenko से भी मुलाकात की।
इस दौरान Ghalibaf ने अमेरिका और इसराइल को चेतावनी दी कि अगर उन्होंने युद्ध खत्म करने के समझौतों का पालन नहीं किया, तो ईरान इसका जवाब देगा। उन्होंने साफ कहा कि अमेरिका सैन्य रूप से ईरान का मुकाबला नहीं कर सकता और इसराइल की धमकियां केवल झूठा प्रचार हैं। उनके मुताबिक, अमेरिका और इसराइल इस युद्ध के दौरान अपना कोई भी मकसद पूरा नहीं कर सके।
बता दें कि Ayatollah Ali Khamenei की मौत 28 फरवरी को अमेरिका और इसराइल के हवाई हमले में हुई थी। इस घटना के बाद दुनिया भर से कई प्रतिनिधिमंडल तेहरान पहुंचे। इससे पहले जुलाई की शुरुआत में Ghalibaf ने इसराइल पर आरोप लगाया था कि वह तेहरान और वॉशिंगटन के बीच हुए 14 पॉइंट के इस्लामाबाद समझौते (MoU) को खराब करने की कोशिश कर रहा है।
रिपोर्ट्स के अनुसार, अमेरिकी अधिकारियों ने साल की शुरुआत में ही ईरानी negotiators को संकेत दिए थे कि इसराइल उनकी हत्या करने की कोशिश कर सकता है। अमेरिका को यह डर था कि इसराइल के ऐसे किसी कदम से शांति के लिए चल रही बातचीत रुक सकती है।
