Iran का बड़ा ऐलान, Strait of Hormuz रहेगा बंद, अमेरिका की नाकेबंदी पर जताया गुस्सा

ईरान की संसद के अध्यक्ष Mohammad Bagher Ghalibaf ने एक बड़ा बयान दिया है। उन्होंने साफ कह दिया है कि जब तक अमेरिकी सरकार ईरानी बंदरगाहों की नाकेबंदी जारी रखेगी, तब तक Strait of Hormuz को नहीं खोला जाएगा। इस बयान के बाद खाड़ी देशों और अंतरराष्ट्रीय व्यापार जगत में काफी हलचल मच गई है।

📰: Ras Al Khaimah का बड़ा कदम, ASEAN देशों के साथ बढ़ाएंगे व्यापार और निवेश, शासक ने की अहम बैठक

ईरान ने Strait of Hormuz को बंद रखने की चेतावनी क्यों दी?

ईरानी संसद के प्रमुख Ghalibaf ने 22 अप्रैल 2026 को बताया कि अमेरिकी नाकेबंदी की वजह से कोई भी पूर्ण युद्धविराम अब बेकार है। उन्होंने कहा कि बंदरगाहों पर पाबंदी लगाना युद्धविराम के नियमों का सीधा उल्लंघन है और इससे पूरी दुनिया की अर्थव्यवस्था खतरे में पड़ सकती है। Ghalibaf ने यह भी साफ किया कि इस रणनीतिक रास्ते से गुजरने वाले जहाजों को ईरान की मंजूरी लेनी होगी और उन्हें ईरान द्वारा तय किए गए रास्ते पर ही चलना होगा।

जहाजों की जब्ती और अन्य देशों की क्या प्रतिक्रिया है?

ताजा अपडेट के मुताबिक, 22 अप्रैल को ईरान की IRGC ने दो जहाजों को पकड़कर अपने बंदरगाहों पर भेज दिया है। अमेरिका के राष्ट्रपति Donald Trump ने रास्ता खुलने का स्वागत तो किया, लेकिन यह भी कहा कि नाकेबंदी तब तक जारी रहेगी जब तक कोई ठोस समझौता नहीं हो जाता। वहीं, Bahrain ने IMO के उस फैसले का समर्थन किया है जिसमें ईरान की धमकियों की निंदा की गई है। दूसरी तरफ, ईरान के कृषि मंत्री Gholam Reza Nouri ने दावा किया कि इस नाकेबंदी से देश में खाने-पीने की चीजों की कमी नहीं हुई है क्योंकि स्थानीय उत्पादन मजबूत है और आयात के अन्य रास्ते मौजूद हैं।