ईरान ने दुनिया के सबसे महत्वपूर्ण समुद्री रास्ते Strait of Hormuz के लिए नए और सख्त नियम लागू कर दिए हैं। अब यहाँ से गुजरने वाले जहाजों को भारी टोल टैक्स देना होगा और ईरान की शर्तों को मानना होगा। दूसरी तरफ, अमेरिका ने ईरान के बंदरगाहों की नाकाबंदी कर दी है जिससे समुद्री व्यापार में बड़ी दिक्कतें आ रही हैं और जहाजों के रास्ते बदले जा रहे हैं।

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ईरान के नए टोल नियम क्या हैं और कितना पैसा देना होगा?

ईरान ने इस समुद्री रास्ते को संभालने के लिए Persian Gulf Strait Authority (PGSA) नाम की एक संस्था बनाई है। नए नियमों के मुताबिक, अब यहाँ से गुजरने वाले हर टैंकर को 10 लाख से 20 लाख डॉलर (1 to 2 million dollars) तक का टोल टैक्स देना होगा। यह पैसा युद्ध के खर्चों की भरपाई के रूप में लिया जाएगा।

  • जहाजों को अब इलेक्ट्रॉनिक ट्रांजिट परमिट लेना होगा।
  • सभी जहाजों को एक तय किए गए शिपिंग कॉरिडोर यानी खास रास्ते से ही गुजरना होगा।
  • जहाजों को अपनी पूरी जानकारी देने के लिए Vessel Information Declaration जमा करना होगा।
  • ईरान ने साफ कर दिया है कि वह अब किसी भी दुश्मन देश के सैन्य उपकरणों को यहाँ से गुजरने नहीं देगा।

अमेरिका ने ईरान के खिलाफ क्या एक्शन लिया है?

ईरान की इन हरकतों के जवाब में अमेरिका ने भी अपनी रणनीति बदल ली है। US Central Command (CENTCOM) के जरिए अमेरिका ने ईरान के बंदरगाहों की नाकाबंदी कर दी है। आधिकारिक जानकारी के मुताबिक, अमेरिका अब तक 78 कमर्शियल जहाजों के रास्ते बदल चुका है और 4 जहाजों को पूरी तरह से निष्क्रिय (disable) कर दिया है।

पूर्व अमेरिकी राष्ट्रपति Donald Trump ने चेतावनी दी है कि अगर जल्द ही शांति समझौता नहीं हुआ तो ईरान के लिए समय बहुत बुरा होगा। उन्होंने ईरान के शांति प्रस्ताव को भी खारिज कर दिया है क्योंकि उन्हें परमाणु हथियारों की सुरक्षा को लेकर चिंता है।

भारत और अन्य देशों पर इसका क्या असर होगा?

Strait of Hormuz पूरी दुनिया के तेल व्यापार के लिए बहुत जरूरी है, इसलिए कई देश इस तनाव से परेशान हैं। भारत, तुर्की और इराक जैसे देशों ने ईरान के साथ अलग से द्विपक्षीय समझौते किए हैं ताकि उनके जहाज बिना किसी रुकावट के इस रास्ते से गुजर सकें।

वहीं, चीन के राष्ट्रपति Xi Jinping और डोनाल्ड ट्रंप ने इस बात पर सहमति जताई है कि Strait of Hormuz को खुला रखा जाएगा ताकि ग्लोबल ट्रेड न रुके। पाकिस्तान इस पूरे मामले में मध्यस्थ की भूमिका निभा रहा है और उसके आंतरिक मंत्री बातचीत शुरू करने के लिए तेहरान में मौजूद हैं।

Frequently Asked Questions (FAQs)

ईरान ने जहाजों के लिए कितना टोल टैक्स तय किया है?

ईरान ने प्रति टैंकर 10 लाख से 20 लाख डॉलर तक का टोल तय किया है, जिसे Persian Gulf Strait Authority (PGSA) द्वारा वसूला जाएगा।

अमेरिका ने ईरान के बंदरगाहों पर क्या कार्रवाई की है?

US Central Command ने ईरान के बंदरगाहों की नाकाबंदी की है, जिसके तहत 78 जहाजों का रास्ता बदला गया और 4 जहाजों को निष्क्रिय किया गया।

Sushma Kumari

Shushma covers Stories Around Expats and Helpful Contents Related to Daily life of Public. She completed Mass Communication Degree From Makhan lal Chaturvedi College Bhopal and Has 3 years of Field Experience. Earlier She Worked with Jagran Media Patna Office and Now Working with GulfHindi.com