मिडिल ईस्ट में तनाव के बीच एक बड़ी खबर सामने आ रही है। ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराक्शची ने लेबनान के हिजबुल्लाह और उनके संघर्ष को अपना पूरा समर्थन देने का ऐलान किया है। यह बयान ऐसे समय पर आया है जब दोहा में अमेरिका और ईरान के बीच बातचीत चल रही है। दूसरी तरफ इसराइल ने दक्षिण लेबनान के 10 गांवों को खाली करने का आदेश जारी कर दिया है जिससे क्षेत्र में तनाव एक बार फिर से बढ़ गया है।

हिजबुल्लाह के समर्थन में ईरान का बड़ा बयान और दोहा में बातचीत

ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराक्शची ने हिजबुल्लाह के प्रमुख नईम कासिम को संदेश भेजकर साफ किया है कि ईरान अधिकारों और आजादी की लड़ाई लड़ने वाले संगठनों का साथ कभी नहीं छोड़ेगा। ईरान का कहना है कि अमेरिका के साथ किसी भी समझौते में लेबनान में युद्ध विराम को शामिल करना बेहद जरूरी है और यह उनकी मुख्य शर्त है। इस बीच, 25 मई 2026 को ईरान के वार्ताकार मोहम्मद बागेर गालिबफ और विदेश मंत्री कतर की राजधानी दोहा में मौजूद रहे, जहां उन्होंने कतर के प्रधानमंत्री के साथ संभावित समझौते को लेकर चर्चा की। हालांकि, ईरान का कहना है कि अमेरिका के बार-बार रुख बदलने के कारण अभी कोई अंतिम समझौता तुरंत होने की उम्मीद नहीं है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने भी अपने वार्ताकारों को निर्देश दिया है कि समझौते में जल्दबाजी करने की जरूरत नहीं है।

अमेरिका और इसराइल का रुख और जमीनी हालात

अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने हिजबुल्लाह पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने कहा कि हिजबुल्लाह लेबनान को फिर से अराजकता की तरफ धकेल रहा है और उसने लेबनान सरकार की युद्ध रोकने की अपील को भी खारिज कर दिया है। इसराइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू और अन्य अधिकारियों ने चिंता जताई है कि अमेरिका और ईरान के बीच किसी भी समझौते में इसराइल की सुरक्षा की अनदेखी नहीं होनी चाहिए। 25 मई 2026 को इसराइली सेना ने दक्षिण लेबनान के 10 गांवों के लोगों को तुरंत जगह खाली करने के लिए कहा है क्योंकि वहां हिजबुल्लाह के ठिकानों पर सैन्य कार्रवाई की तैयारी चल रही है। पिछले कुछ महीनों में इस क्षेत्र में भारी गोलाबारी हुई है जिसमें लेबनान में काफी नुकसान हुआ है और कई लोगों की जान गई है।

Frequently Asked Questions (FAQs)

ईरान ने हिजबुल्लाह को लेकर क्या संदेश दिया है?

ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराक्शची ने हिजबुल्लाह के प्रमुख नईम कासिम को आश्वासन दिया है कि ईरान उनका समर्थन आखिरी समय तक जारी रखेगा और इसे अपनी नीतियों का मुख्य हिस्सा मानता है।

अमेरिका और ईरान के बीच चल रही बातचीत की क्या स्थिति है?

कतर के दोहा में दोनों पक्षों के बीच बातचीत चल रही है, लेकिन ईरान का कहना है कि अमेरिकी रुख में लगातार हो रहे बदलावों के कारण अभी कोई अंतिम समझौता तय नहीं हुआ है।

इसराइल ने लेबनान में क्या नया कदम उठाया है?

इसराइली सेना ने 25 मई 2026 को दक्षिण लेबनान के 10 गांवों को खाली करने के आदेश दिए हैं, क्योंकि युद्ध विराम समझौते के उल्लंघन के बाद वहां सैन्य हमले की आशंका है।