खाड़ी देशों में तनाव एक बार फिर बढ़ गया है। UAE ने दावा किया कि ईरान ने उन पर मिसाइल और ड्रोन से हमला किया। GCC ने इस मामले में UAE का पूरा साथ दिया है और ईरान की बातों को पूरी तरह झूठ बताया है। इस घटना के बाद पूरे इलाके में हलचल मची हुई है।
UAE पर हमले और GCC का जवाब क्या है?
5 मई 2026 को UAE की एयर डिफेंस ने ईरान की मिसाइलों और ड्रोन को हवा में ही रोक लिया। GCC के महासचिव Jasem Albudaiwi ने इसे UAE की संप्रभुता का खुला उल्लंघन बताया। उन्होंने कहा कि यह एक खतरनाक कदम है जिससे पूरे इलाके की शांति और स्थिरता को खतरा है। GCC ने साफ किया कि ईरान के दावे पूरी तरह गलत हैं और उनका कोई आधार नहीं है।
ईरान ने इन आरोपों पर क्या कहा?
ईरान ने इन हमलों से पूरी तरह इनकार किया है। ईरान के प्रवक्ता Ebrahim Zolfaghari ने UAE के दावों को निराधार और गलत बताया। ईरान के विदेश मंत्रालय ने कहा कि उनकी सैन्य कार्रवाई सिर्फ अमेरिकी हमले के खिलाफ बचाव के लिए है। हालांकि, ईरान ने UAE को चेतावनी दी है कि वह अपनी जमीन पर अमेरिकी और इजरायली सेना को जगह न दे, वरना उसका जवाब बहुत सख्त होगा।
अन्य देशों ने UAE का साथ कैसे दिया?
इस मामले में कई देश UAE के साथ खड़े हैं।
- Qatar ने 4 मई 2026 को एक Emirati टैंकर पर हुए ड्रोन हमले की निंदा की और इसे अंतरराष्ट्रीय कानून का उल्लंघन बताया।
- Egypt ने भी UAE की संप्रभुता की रक्षा करने के फैसले का पूरा समर्थन किया।
- Arab League के महासचिव Ahmed Aboul Gheit ने ईरान की इस हरकत को विश्वासघात बताया है।
Frequently Asked Questions (FAQs)
UAE पर हमला कब हुआ था?
UAE के अधिकारियों के अनुसार 5 मई 2026 को ईरानी मिसाइलों और ड्रोन के हमले को एयर डिफेंस सिस्टम ने नाकाम किया था।
GCC ने इस मामले में क्या स्टैंड लिया है?
GCC ने ईरान के सभी दावों को झूठा बताया है और UAE की सुरक्षा और संप्रभुता की रक्षा के लिए अपना पूरा समर्थन दिया है।