ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अरागची और ब्रिटेन की विदेश सचिव यवेत्त कूपर ने फोन पर बातचीत की। इस चर्चा में क्षेत्रीय तनाव, होर्मुज जलडमरूमध्य और युद्धविराम की कोशिशों जैसे अहम मुद्दों पर बात हुई। यह बातचीत एक ऐसे समय में हुई है जब इलाके में हालात काफी तनावपूर्ण बने हुए हैं।
ईरान और ब्रिटेन की बातचीत में किन मुद्दों पर हुई चर्चा?
9 मई 2026 को हुई इस फोन कॉल में दोनों देशों ने क्षेत्रीय घटनाक्रमों पर बात की। इसमें खासतौर पर होर्मुज जलडमरूमध्य की स्थिति और युद्ध रोकने के लिए किए जा रहे प्रयासों पर चर्चा हुई। ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अरागची और ब्रिटिश विदेश सचिव यवेत्त कूपर ने इन गंभीर विषयों पर अपने विचार साझा किए।
पिछली मुलाकातों और मौजूदा तनाव का क्या है मामला?
यह पहली बार नहीं था जब दोनों नेताओं ने बात की। इससे पहले 20 मार्च 2026 को अमेरिका और इसराइल द्वारा ईरान पर थोपे गए युद्ध के नतीजों और होर्मुज जलडमरूमध्य में बढ़ते तनाव पर चर्चा हुई थी। वहीं, 20 दिसंबर 2025 को हुई बातचीत में परमाणु मुद्दे पर बात की गई थी। वर्तमान में अमेरिका द्वारा ईरानी जहाजों पर किए गए हमलों ने तनाव और बढ़ा दिया है।
ईरान ने अमेरिका की सैन्य कार्रवाई पर क्या कहा?
ईरान के विदेश मंत्री अरागची ने अमेरिका की आलोचना की। उन्होंने कहा कि अमेरिका ने कूटनीति के बजाय सैन्य कार्रवाई का रास्ता चुना। ईरान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता इस्माइल बग़ाई ने बताया कि युद्ध खत्म करने के लिए अमेरिका ने जो शर्तें रखी हैं, ईरान अभी उन पर विचार कर रहा है। इसी दौरान अरागची ने तुर्की के विदेश मंत्री हाकन फिदान से भी बात की।
Frequently Asked Questions (FAQs)
ईरान और ब्रिटेन के बीच हालिया बातचीत कब हुई?
यह बातचीत 9 मई 2026 को हुई जिसमें होर्मुज जलडमरूमध्य और युद्ध रोकने की कोशिशों पर चर्चा की गई।
बातचीत में किन मुख्य मुद्दों पर चर्चा हुई?
मुख्य रूप से क्षेत्रीय तनाव, होर्मुज जलडमरूमध्य की स्थिति और युद्धविराम के प्रयासों पर बात हुई।