मिडिल ईस्ट में हालात बहुत ज्यादा बिगड़ गए हैं और अब ईरान और अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के बीच सीधी धमकी का दौर शुरू हो गया है। ईरानी संसद के सलाहकार महदी मोहम्मदी ने ट्रंप को साफ तौर पर 20 घंटे के अंदर सरेंडर करने को कहा है। उन्होंने चेतावनी दी है कि अगर ऐसा नहीं हुआ तो ट्रंप के सहयोगियों को बहुत बुरे हालात यानी पाषाण युग का सामना करना पड़ेगा। यह तनाव तब और बढ़ गया जब ट्रंप ने भी ईरान के ठिकानों को तबाह करने की बात कही थी।

डोनाल्ड ट्रंप और ईरान के बीच क्या हैं मुख्य धमकियां

7 अप्रैल 2026 को ईरानी अधिकारी मोहम्मदी ने कहा कि ईरान यह युद्ध जीत चुका है और वह अपनी शर्तों पर ही समझौता करेगा। इससे पहले 6 अप्रैल को ट्रंप ने ईरान को मंगलवार तक का समय दिया था और कहा था कि अगर समझौता नहीं हुआ तो ईरान के बिजली संयंत्र और पुल 4 घंटे में खत्म कर दिए जाएंगे। ट्रंप ने ईरानी जनता से अपनी सरकार के खिलाफ सड़कों पर उतरने की भी अपील की है। ट्रंप का दावा है कि अमेरिका के पास पूरे ईरान को एक रात में खत्म करने की ताकत है।

ताजा हमले और जमीनी हालात की जानकारी

पिछले 24 घंटों में युद्ध के मैदान से कई बड़ी खबरें सामने आई हैं जो स्थिति की गंभीरता को बताती हैं। इजरायली हमलों की वजह से लेबनान में 15 लोगों की जान चली गई है और ईरान के कोम शहर में भी रिहायशी इमारत पर हमला हुआ है। आईआरजीसी के खुफिया प्रमुख भी एक हमले में मारे गए हैं। इसके अलावा स्ट्रेट ऑफ होर्मुज को लेकर ईरान ने कहा है कि अब पुरानी स्थिति कभी नहीं लौटेगी।

  • ईरान के कोम शहर में हमले के दौरान 5 लोगों की मौत हुई है।
  • लेबनान में इजरायली हमले में 15 लोगों की मौत और 53 घायल हुए हैं।
  • अमेरिका के रक्षा सचिव पीट हेगसेथ ने मंगलवार रात को बड़े हमलों की संभावना जताई है।
  • पाकिस्तान, तुर्की और मिस्र ने 45 दिनों के युद्धविराम का प्रस्ताव दिया है।

सैन्य अधिकारियों और संस्थाओं के बयान

ईरान के सुप्रीम लीडर मुज्तबा खामेनेई ने कहा है कि देश की सेना को कमजोर करने की कोई भी कोशिश कामयाब नहीं होगी। आईआरजीसी ने ट्रंप की धमकियों को बेकार बताया है और कहा है कि वे अपनी कार्रवाई जारी रखेंगे। स्ट्रेट ऑफ होर्मुज अभी भी प्रभावित है और वहां की स्थिति सामान्य नहीं हुई है।

अधिकारी का नाम मुख्य बयान और दावा
महदी मोहम्मदी ट्रंप के पास सरेंडर के लिए 20 घंटे का समय है।
डोनाल्ड ट्रंप समझौता न होने पर ईरान में बड़ी तबाही आएगी।
इब्राहिम जुल्फिकारी अमेरिकी धमकियों का युद्ध पर कोई असर नहीं होगा।
पीट हेगसेथ ईरान पर अब तक के सबसे बड़े हमले होने वाले हैं।