22 मई 2026 को ईरान ने संयुक्त राष्ट्र (UN) से गुहार लगाई है कि वह अमेरिकी नौसैनिक नाकेबंदी को रुकवाने के लिए तुरंत दखल दे। जिनेवा में ईरान के राजदूत अली बहरीनी ने संयुक्त राष्ट्र मानवाधिकार उच्चायुक्त वोल्कर तुर्क को एक आधिकारिक पत्र भेजा है। इस पत्र में उन्होंने अमेरिकी नाकेबंदी को पूरी तरह गैर-कानूनी बताते हुए इसे आम नागरिकों के अधिकारों का हनन और एक युद्ध अपराध करार दिया है।

ईरान ने अमेरिकी नाकेबंदी को क्यों बताया युद्ध अपराध?

ईरान के राजदूत अली बहरीनी का कहना है कि अमेरिका की इस एकतरफा नौसैनिक नाकेबंदी से दक्षिणी ईरान के लोगों की जिंदगी पर बहुत बुरा असर पड़ रहा है। इसकी वजह से ईरान में जरूरी सामानों, दवाओं, खाद्य सुरक्षा और स्वास्थ्य सेवाओं की भारी कमी होने लगी है। ईरान ने आरोप लगाया है कि इस नाकेबंदी से लोगों के जीने के अधिकार और विकास के अधिकार का उल्लंघन हो रहा है। उन्होंने इस अमानवीय कार्रवाई के लिए अमेरिका और इसराइल दोनों को पूरी तरह जिम्मेदार ठहराया है।

अंतरराष्ट्रीय समुद्री कानून और इस विवाद का पूरा सच

अंतरराष्ट्रीय समुद्री कानून (UNCLOS 1982) के तहत कोई भी देश अंतरराष्ट्रीय जलमार्गों को बाधित या बंद नहीं कर सकता है। हॉर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) भी इसी कानून के दायरे में आता है। फरवरी और मार्च 2026 में ईरान द्वारा इस मार्ग को बंद करने की कोशिश और फिर मध्य-अप्रैल 2026 में अमेरिका द्वारा की गई नौसैनिक नाकेबंदी, दोनों को ही कानूनन सही नहीं माना जा रहा है। अमेरिकी सेंट्रल कमांड (CENTCOM) ने बताया है कि नाकेबंदी की शुरुआत से अब तक उन्होंने 97 कमर्शियल जहाजों का रास्ता बदला है और 4 जहाजों को निष्क्रिय किया है।

नाकेबंदी को लेकर अमेरिका और यूरोपीय संघ का रुख

अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने साफ कहा है कि ईरान को परमाणु हथियार बनाने की अनुमति नहीं दी जा सकती और न ही उसे हॉर्मुज जलमार्ग पर अपनी मनमर्जी से टैक्स वसूलने की छूट मिलेगी। इसी बीच, अमेरिकी नौसेना के कार्यवाहक सचिव हंग काओ ने संकेत दिया है कि ईरान के खिलाफ सैन्य अभियानों के लिए गोला-बारूद की कमी न हो, इसलिए ताइवान को हथियारों की बिक्री पर अस्थायी रोक लगा दी गई है। दूसरी तरफ, यूरोपीय संघ (EU) भी हॉर्मुज को बाधित करने वाले ईरानी अधिकारियों पर नए प्रतिबंध लगाने की तैयारी कर रहा है।

Frequently Asked Questions (FAQs)

ईरान ने संयुक्त राष्ट्र से क्या मांग की है?

ईरान के राजदूत अली बहरीनी ने संयुक्त राष्ट्र मानवाधिकार प्रमुख से मांग की है कि वे अमेरिकी नाकेबंदी के प्रभावों की समीक्षा करें, खासकर दवाओं, खाद्य सुरक्षा और दक्षिणी ईरान के लोगों की आजीविका पर इसके असर की जांच करें।

अमेरिकी सेंट्रल कमांड (CENTCOM) ने नाकेबंदी को लेकर क्या आंकड़े दिए हैं?

CENTCOM के अनुसार, मध्य-अप्रैल 2026 में नाकेबंदी शुरू होने के बाद से अमेरिकी सुरक्षा बलों ने अब तक 97 कमर्शियल जहाजों का रास्ता बदला है और 4 जहाजों को निष्क्रिय किया है।

क्या हॉर्मुज जलमार्ग से जहाजों का आवागमन पूरी तरह बंद हो गया है?

नहीं, पूरी तरह बंद नहीं हुआ है। ईरान के रिवोल्यूशनरी गार्ड्स ने जानकारी दी है कि उन्होंने 22 मई 2026 से पहले के 24 घंटों में सुरक्षा जांच के बाद तेल टैंकरों सहित 26 जहाजों को हॉर्मुज जलडमरूमध्य से गुजरने की अनुमति दी थी।

Sushma Kumari

Shushma covers Stories Around Expats and Helpful Contents Related to Daily life of Public. She completed Mass Communication Degree From Makhan lal Chaturvedi College Bhopal and Has 3 years of Field Experience. Earlier She Worked with Jagran Media Patna Office and Now Working with GulfHindi.com